भिवानी की मंडी में सरसों खरीद के पहले दिन ही ई खरीद पोर्टल पर किसानों के फोन नंबर तो दिखाए, लेकिन उनके आधार कार्ड को स्वीकार नहीं किया। पोर्टल की तकनीकी खराबी के कारण किसी भी किसान का ई खरीद के लिए गेट पास नहीं कटा। मंडी में बुधवार को करीब ढाई सौ क्विंटल सरसों की फसल लेकर सैकड़ों किसान पहुंचे। अधिकारियों ने भी किसानों की फसल में 15 से 18 फीसदी नमी और सफाई नहीं होने की बात कहकर किनारा किया। प्राइवेट एजेंसियों ने भी सरसों खरीद को लेकर कुछ खास रुझान नहीं दिखाया। ऐसे में किसानों को फसल बेचने के लिए मंडी में ही डटे रहना मजबूरी बनी।
प्राइवेट एजेंसी भी नहीं लगा रही किसान की सरसों के उचित दाम
जिला मुख्यालय की मंडी सहित जिले भर की 11 मंडियों में किसानों की सरसों खरीद का दावा किया गया। लेकिन बुधवार को जिला मुख्यालय की मंडी में पहुंचे किसानों के लिए पोर्टल की तकनीकी खामी ही बड़ी परेशानी बनी। मंगलवार को भी ई खरीद पोर्टल पर खरीद सीजन 2022-23 ही नहीं दर्शा रहा था। जिसके बाद इसकी शिकायत मुख्यालय को की गई। बुधवार दोपहर तक पोर्टल ठप रहा।
लेकिन दोपहर बाद जब किसानों के गेट पास ई खरीद पर काटे जाने लगे तो किसानों के फोन नंबर तो स्वीकार हो गए। लेकिन उनका आधार कार्ड स्वीकार नहीं किया। बिना फोन नंबर और आधार कार्ड के ई खरीद का गेट पास नहीं काटा जा सका। ये दोनों ही चीजे गेट पास में अनिवार्य रूप से लागू की हैं। हालांकि खरीद में गांवों की प्राथमिकता से खरीद की कोई शर्त नहीं थी, कोई भी किसान अपनी सरसों लेकर मंडी में आ सकता था, किसानों को मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर अपना रजिस्टे्रशन कराना अनिवार्य है।