गांव चरखी में अब पांच दिन में पीने के पानी की समस्या का समाधान होगा। भारत सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय की मॉनीटरिंग एवं मूल्यांकन टीम के समक्ष ग्रामीणों की शिकायत पर अमल करते हुए टीम अधिकारियों ने जन स्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता को लिखकर पांच दिन का अल्टीमेटम दिया है। इस दौरान टीम ने गांव चरखी में विकास कार्यों से संबंधित रिकार्ड की जांच भी की।
भारत सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय की ओर से गांवों में हुए विकास कार्यों का मूल्यांकन एवं मॉनीटरिंग की जा रही है। येह मॉनीटरिंग वर्ष 2015-16 के दौरान हुए विकास कार्यों से संबंधित की जा रही है। इसे लेकर वीरवार को ग्रामीण विकास मंत्रालय की टीम ने गांव चरखी का दौरा किया। टीम में शामिल नेशनल लेवल मॉनीटरिंग अधिकारी रवि शेखर व हेमंत कुमार ने गांव चरखी पंचायत से मिलकर संबंधित रिकार्ड की जांच की। मॉनीटरिंग अधिकारी रवि शेखर ने बताया कि टीम ने गांव में 2015-16 के दौरान करवाए गए विकास कार्यों के अलावा मनरेगा स्कीम,एनआरडी व डब्ल्यूपी स्क ीम समेत मंत्रालय की विभिन्न 12 स्कीमों से संबंधित रिकार्ड की जांच की।
मूल्यांकन टीम अधिकारी रवि शेखर ने बताया कि जांच के दौरान गांव के लोगों से बातचीत की गई है सभी आवश्यक तथ्य एकत्रित किए गए हैं ताकि इसकी विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर सरकार को भेजी जा सके। मूल्यांकन अधिकारी हेमंत कुमार ने बताया कि गांव में बने जलघर की सफाई नहीं हो रही है।अधिकारी रवि शेखर ने बताया कि टीम अन्य गांवों में भी इसी प्रकार रिकार्ड की जांच करेगी तथा गांवों में हुए विकास कार्यो की पूरी रिपोर्ट तैयार कर मंत्रालय को भेजी जाएगी।