मुलाना। मनुष्य का अपने जीवन में धार्मिक प्रवृत्ति का होना बहुत जरूरी है यदि वह धार्मिक प्रवृत्ति का है और वह अपने धर्म से भलीभांति परिचित हैै। वह सरल स्वभावी के साथ-साथ गुणवान भी होगा। उक्त शब्द साध्वी डॉ. स्वाति महाराज ने मुलाना जैन स्थानक में आयोजित धर्मसभा में कहे।
उन्होंने कहा कि मनुष्य एक पौधे की तरह है। जिसमें धर्म उसकी जड़ है। जड़ के बिना उसका अस्तित्व ही नहीं रहेगा। वहीं धार्मिक मनुष्य जहां भी जाएगा वह लोभ, मोह माया, हिंसा व अपराधों से दूर रहेगा। इससे उसका जीवन सुखमय होगा। इतना ही नहीं वह व्यक्ति अन्य लोगों के लिए भी प्रेरणा बनेगा। धर्म सभा में साध्वी सुप्रज्ञा, साध्वी सुदीप्ति व साध्वी सुविधि ने भजनों से श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रवक्ता श्रीपाल जैन ने बताया कि रविवार को मुलाना जैन स्थानक में आज्ञानुवर्ती शिरोमणि गुरुणीवर्या सुशील कुमारी महाराज की 60वीं और साध्वी डॉ. स्वाति महाराज की 27वीं दीक्षा जयंती हर्षोल्लास से मनाई जाएगी। इस मौके पर प्रधान अशोक जैन, राममूर्ति जैन, प्रवक्ता श्रीपाल जैन, उमेश गोयल, दिनेश गोयल, भूषण जैन, राम कुमार जैन, केवल कृष्ण अरोड़ा, शंटी जैन, अभय जैन, सतीश जैन, प्रवीण जैन, यशपाल मलिक, विपिन जैन मौजूद रहे।