गोरखपुर जिले के खोराबार में बिजली उपकेंद्र निर्माण को लेकर शनिवार को बवाल हो गया। निर्माण की शुरुआत कराने पहुंचे अधिशासी अभियंता ट्रांसमिशन राम सुरेश पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया। पथराव में उनकी सरकारी गाड़ी का शीशा टूट गया और चालक घायल हो गया।
सूचना पर भारी पुलिस फोर्स, पीएसी बल मौके पर पहुंच गई। पुलिस की मौजूदगी में बाउंड्री निर्माण का काम शुरू कराया गया है। उधर, अधिशासी अभियंता राम सुरेश की तहरीर पर पुलिस ने शैलेंद्र सिंह, संतोष सिंह पर नामजद और 25 अज्ञात पर गोलबंद होकर हमला करने, शीशा तोड़ने, सरकारी काम में बाधा, मारपीट, धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। पुलिस ने नामजद आरोपियों को हिरासत में ले लिया है।
अधिशासी अभियंता की तरफ से दिए गए तहरीर के मुताबिक, उपकेंद्र निर्माण के लिए ज्वाइंट मजिस्ट्रेट द्वारा नामित राजस्व निरीक्षक, नायब तहसीलदार की अध्यक्षता में शनिवार सुबह 11 बजे करीब अधिशासी अभियंता राम सुरेश अपनी टीम के साथ खोराबार ट्रांसमिशन वाले भूखंड स्थल पर पहुंचे थे।
इस दौरान स्थानीय लोगों विरोध करने लगे। आरोप है कि संतोष सिंह, शैलेंद्र सिंह व अन्य 20 से 25 अन्य लोगों के साथ गाली देते हुए हमलावर हो गए। ग्रामीणों ने पथराव शुरू कर दिया जिससे सरकारी गाड़ी का शीशा टूट गया। माहौल बिगड़ने पर बिजली विभाग की टीम खोराबार थाने लौट आई। फिर दोपह 1.30 बजे खोराबार पुलिस पीएसी के साथ मौके पर पहुंच गई।
पुलिस की मौजूदगी में जेसीबी द्वारा नींव की खुदाई शुरू कर काम शुरू किया गया। इस दौरान खोराबार के नायब तहसीलदार ( मजिस्ट्रेट ) राधेश्याम गुप्त , कानूनगों प्रदुम्न सिंह , कानूनगो वीरबहादुर सिंह, कानूनगों घनश्याम शुक्ल, लेखपाल मौजूद रहे। खोराबार थानाध्यक्ष राहुल सिंह ने बताया कि अधिशासी अभियंता द्वारा दी गई तहरीर के मुताबिक मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।