उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में छह साल पहले हुए एक मुठभेड़ का वाकया आज भी उस समय के पुलिस वाले नहीं भूल पाते हैं। अचानक हुए मुठभेड़ में एक बदमाश पुलिस के जवाबी कार्रवाई में गोली लगने से मर गया था। वहीं उसके साथी को उसके मरने से ज्यादा चार रुपये के समोसे का गम सता रहा था। उसने पुलिस वालों से कहा था कि अरे साहब समोसा तो पूरा खा लेने दीजिए, पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
जानकारी के मुताबिक, मामला 2015 में सामने आया था। यह घटना गोरखपुर के उरुवा इलाके में 1 जनवरी 2015 को हुई मुठभेड़ की है। एसपीएफ ने समोसे की दुकान पर बदमाश विजय और उसके साथी मोनू को पकड़ने की कोशिश की थी।
पुलिस को देखते ही दोनों बदमाश भाग गए, ग्रामीणों ने घेराबंदी की तो बदमाशों ने फायर कर दिया। घेराबंदी कर पुलिस ने विजय को मार गिराया लेकिन मोनू बच गया था। उसे पकड़ कर पुलिस थाने लाई तो बोला- अरे साहब समोसा तो पूरा खा लेने दिए होते।