गोरखपुर जिले के सहजनवां के सुथनी गांव में बनाए जा रहे सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट (एसडब्लूएमपी) की जमीन जबरदस्ती लेने का आरोप लगाने संबंधी काश्तकारों की अपील को हाईकोर्ट ने खारिज कर दी। साथ ही अपील करने वाले 83 काश्तकारों पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने की यह रकम विधिक सहायता कार्य में खर्च होगी। ऐसे में अब सुथनी गांव में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट बनने की राह में आ रही अड़चन दूर हो गई है।
नगर निगम गोरखपुर के लिए बनने वाले सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट के लिए जिला प्रशासन ने सुथनी गांव में कुल 108 काश्तकारों से कुल 8.543 हेक्टेयर जमीन ली गई थी। इनमें से 83 किसानों ने जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया के खिलाफ इलाहाबाद हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। अपील में काश्तकारों ने आरोप लगाया था कि उनकी जमीन उनकी सहमति के बगैर ले ली गई है।
वहीं एक किसान ने सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट को सुथनी गांव से कहीं अन्यत्र ले जाने की भी अपील की थी। हाईकोर्ट ने काश्तकारों की अपील को खारिज कर दिया। साथ ही अपील करने वाले काश्तकारों पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माने की यह रकम इलाहाबाद हाईकोर्ट में जमा होगी।
हाईकोर्ट के माध्यम से जुर्माने की राशि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को भेजी जाएगी। प्राधिकरण इस रकम को विधिक सहायता मुहैया कराने में खर्च किया जाएगा।
नगर आयुक्त अविनाश सिंह ने कहा कि सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट की जमीन को लेकर कुछ काश्तकारों ने हाईकोर्ट में अपील की थी। हाईकोर्ट ने अपील खारिज कर दी है।