गोरखपुर। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट ऑफ फार्मेसी के विद्यार्थी दवाओं की प्रभावशीलता के साथ उनकी सुरक्षा और संभावित दुष्प्रभावों की निगरानी भी सीखेंगे। नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 से डीफार्म और बीफार्म के साथ एमफार्म व पीएचडी विद्यार्थियों को दवा सुरक्षा, प्रतिकूल दवा प्रतिक्रिया की पहचान और उसकी रिपोर्टिंग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
प्रशिक्षण में विद्यार्थियों को दवा लेने के बाद मरीज में होने वाली असामान्य प्रतिक्रिया को पहचानने, उसका रिकॉर्ड तैयार करने और संबंधित स्तर तक सूचना पहुंचाने की प्रक्रिया समझाई जाएगी। इससे विद्यार्थी भविष्य में अस्पतालों, फार्मेसी सेवाओं और शोध संस्थानों में दवाओं के सुरक्षित एवं तर्कसंगत उपयोग में भूमिका निभा सकेंगे।
दवाओं से होने वाली प्रतिकूल प्रतिक्रियाओं की समय पर पहचान और सूचना मरीजों की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण है। इससे दवा से जुड़े संभावित जोखिमों की पहचान करने और चिकित्सकों व स्वास्थ्यकर्मियों तक जरूरी जानकारी पहुंचाने में मदद मिल सकती है।