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गोरखपुर: सेना में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करने वाला गिरफ्तार, अधिकारी बनकर युवाओं को था बहलाता

Tue, 18 Oct 2022 09:37 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

इस मामले में ठगी का शिकार हुए 22 से अधिक युवा सामने आ चुके हैं। जिनकी तहरीर पर सिकरीगंज के अलावा सहजनवां, खजनी में भी केस दर्ज किया गया। गिरोह में चार लोग शामिल हैं। ये लोग गोरखपुर के अलावा राजस्थान, झारखंड, बिहार में सेना की तैयारी करने वाले युवाओं को सेना में नौकरी दिलाने का झांसा देते हैं।
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आरोपी। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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सेना में नौकरी दिलाने के नाम पर युवाओं से डेढ़ करोड़ से अधिक की जालसाजी करने के दूसरे आरोपी जितेंद्र शुक्ला को सोमवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के साथी नन्हें लाल यादव को पुलिस ने 20 सितंबर को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। तभी से जितेंद्र की तलाश की जा रही थी। जितेंद्र ही खुद को आर्मी का अधिकारी बताकर युवाओं से मिला करता था। वह एक प्राइवेट फर्म में गार्ड की नौकरी करता है।
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जितेंद्र शुक्ला मूलरूप से बड़हलगंज के करौदी गांव का निवासी है। वर्तमान में गीडा के दक्षिणी बलरामपुर में रहता है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी जितेंद्र ने पूछताछ में बताया कि वह गार्ड की नौकरी एक प्राइवेट कंपनी में करता है।

रुपये कमाने के लालच में अपने साथियों के साथ मिलकर विभिन्न विभागों मे नौकरी दिलाने के नाम पर मोटी रकम ऐंठ लेता था और फिर साथियों के साथ मिलकर गोरखपुर व आसपास के युवाओं को बुलाकर कूटरचित दस्तावेज दे दिया जाता था। सिकरीगंज थानेदार दीपक सिंह ने बताया कि एक आरोपी को पहले ही जेल भेजा जा चुका है, जितेंद्र को सोमवार को गिरफ्तार किया गया है। अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।
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22 से अधिक युवा आ चुके हैं सामने
इस मामले में ठगी का शिकार हुए 22 से अधिक युवा सामने आ चुके हैं। जिनकी तहरीर पर सिकरीगंज के अलावा सहजनवां, खजनी में भी केस दर्ज किया गया। गिरोह में चार लोग शामिल हैं। ये लोग गोरखपुर के अलावा राजस्थान, झारखंड, बिहार में सेना की तैयारी करने वाले युवाओं को सेना में नौकरी दिलाने का झांसा देते हैं। एक युवक से पांच से छह लाख रुपये वसूलते हैं। जिनसे रुपये लिए जाते थे, उन्हें नन्हेंलाल के साथ राजस्थान के जयपुर भेजा जाता था। वहां पर जितेंद्र आर्मी अधिकारी बनकर मिलता था।
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