लंपी वायरस से निपटने की चुनौती सामने है, लेकिन पशुपालन विभाग की तैयारी अधूरी है। लंपी का कौन कहे, पशुओं के मुंहपका व खुरपका तक की वैक्सीन नहीं है। इससे पशुपालक परेशान हैं। टीकाकरण अभियान एक तरह से ठप पड़ा है।
बेलघाट विकासखंड के बभनौली गांव की एक गाय में लंपी वायरस के लक्षण मिले हैं। इसके बावजूद पशुपालन विभाग के अफसर मौन हैं। मामला सामने आने के बाद भी टीम बेलघाट नहीं गई और गाय के खून के नमूने जांच के लिए नहीं भेजे गए। इससे ग्रामीणों में नाराजगी है।
जिस गाय के शरीर में गांठ, घाव के निशान हैं, उसका इलाज 16 दिनों से चल रहा है। अब तक गाय ठीक नहीं है। इसी बीच मुंहपका और खुरपका की वैक्सीन खत्म होने का मामला सामने आ गया। पशुपालक अजय कुशवाहा का कहना है कि टीके की कमी है। इससे टीकाकरण अभियान को गति नहीं मिल पा रहा है।