लिहाजा, दोनों बाइक सवारों के पास जा पहुंचे। जैसे ही वन कर्मियों ने जंगल में खड़े होने का कारण पूछा, वैसे ही गिरोहबंद लोगों ने हमला बोल दिया। लाठी-डंडों से जमकर पीटा। असलहा लहराया और जान से मारने की धमकी भी दी। हमले से वन दरोगा व वन रक्षक को गंभीर चोटें आईं हैं। शरीर पर लाठी-डंडे के मोटे निशान पड़े हैं। हमले से घबराए वन कर्मियों ने आसपास के लोगों को आवाज दी तो हमलावर भाग निकले।
आरोप है कि गिरोहबंद होकर आए लोगों ने वन रक्षक उदयभान के तीन हजार रुपये व मोबाइल भी लूट लिए हैं। इस घटना की सूचना मिलते ही दूसरे वन कर्मी पहुंच गए। आनन-फानन में पुष्पेंद्र व उदयभान को प्राथमिक उपचार के लिए ले जाया गया। वन दरोगा पुष्पेंद्र ने जो तहरीर दी है, उसमें पिपराइच क्षेत्र के सनी यादव, लक्ष्मण यादव व राहुल को नामजद किया है। अन्य अज्ञात हैं। खोराबार पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि मामले में मुकदमा दर्ज करके कार्रवाई की जाएगी।
डीएफओ अविनाश कुमार ने कहा कि तिनकोनिया रेंज का मामला है। दोनों वनकर्मी घर जा रहे थे। रास्ते में कुछ युवक गलत इरादे के साथ जंगल में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे थे। वन कर्मियों ने रोका तो हमला कर दिया। इस मामले की तहरीर पुलिस को दी गई है। आरोपितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।