गोरखपुर। बरसात शुरू होने से पहले ही जिले में डेंगू के मामले सामने आने लगे हैं। मई महीने में अब तक नौ मरीजों में डेंगू की पुष्टि होने के बाद स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। पिछले कुछ वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो जिले में डेंगू लगातार लोगों को अपनी चपेट में लेता रहा है। यही वजह है कि स्वास्थ्य विभाग ने अभी से बचाव और जागरूकता अभियान तेज कर दिया है।
स्वास्थ्य विभाग की टीमें शहर से लेकर गांव तक घर-घर पहुंच रही हैं और लोगों को डेंगू से बचाव के तरीके बता रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि बरसात के दौरान जगह-जगह जमा साफ पानी में एडीज मच्छर पनपते हैं, जिससे डेंगू फैलने का खतरा बढ़ जाता है। लोगों से कूलर, गमले, टायर और छतों पर पानी जमा न होने देने की अपील की जा रही है।
जिला मलेरिया अधिकारी अंगद सिंह ने बताया कि जिले में वर्ष 2019 से अब तक 1110 लोग डेंगू से संक्रमित हो चुके हैं। वर्ष 2019 में 114 मरीज मिले थे और एक व्यक्ति की मौत भी हुई थी। इसके बाद वर्ष 2020 में नौ, वर्ष 2021 में 67, वर्ष 2022 में 318, वर्ष 2023 में 276, वर्ष 2024 में 172 और वर्ष 2025 में 185 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हुई।
विभाग के अनुसार सभी ब्लॉकों में रैपिड रिस्पांस टीम सक्रिय कर दी गई है। कहीं भी डेंगू का मरीज मिलने पर तत्काल जांच, दवा, छिड़काव और निगरानी शुरू की जा रही है।