गोरखपुर खाद कारखाना परिसर में निर्माणाधीन सैनिक स्कूल मार्च 2023 तक बनकर तैयार हो जाएगा। स्कूल का काम एक अक्तूबर से शुरू हो चुका है। वर्तमान में चहारदीवारी बनाने का काम चल रहा है। डीएम विजय किरन आनंद ने बुधवार को निर्माण स्थल का निरीक्षण कर प्रगति का जायजा लिया। निर्देश दिया कि परियोजना मुख्यमंत्री की प्राथमिकता वाली है इसलिए हरहाल में समय से इसे पूरा किया जाय।
50 एकड़ जमीन पर निर्माणाधीन सैनिक स्कूल पर करीब 154 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्कूल का शिलान्यास किया था, जिसके बाद चहारदीवारी निर्माण का काम शुरू कर दिया गया था। जमीन के भू उपयोग से जुड़ी तकनीकी समस्या सामने आ रही थी। गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) बोर्ड ने भूखंड के भू उपयोग में परिवर्तन की मंजूरी देकर इस समस्या का निराकरण कर दिया है।
मंगलवार शाम को शासन ने सैनिक स्कूल की प्रगति को लेकर कमिश्नर रवि कुमार एनजी, डीएम विजय किरन आनंद एवं जीडीए उपाध्यक्ष प्रेम रंजन सिंह के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये जानकारी ली थी। जीडीए की ओर से बताया गया कि भूखंड से जुड़े मामले का निराकरण करा दिया गया है। शासन की ओर से स्कूल के काम को और तेज करने को कहा गया है।
प्रधानमंत्री के कार्यक्रम की तैयारियां जांची
सैनिक स्कूल का निरीक्षण करने के बाद डीएम खाद कारखाना पहुंचे। उन्होंने हिन्दुस्तान उर्वरक रसायन लिमिटेड (एचयूआरएल) के अधिकारियों के साथ बैठक कर वहां की तैयारियों की समीक्षा की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिसंबर में खाद कारखाने का लोकार्पण करने गोरखपुर आ सकते हैं। 5 से 10 दिसंबर के बीच इस लोकार्पण कार्यक्रम के होने की उम्मीद है। डीएम ने बताया कि खाद कारखाना में सभी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं।