महिला रिक्रूट हंगामा मामला: दो दिन पहले जानकारी के बाद आईजी पीएसी ने डीआईजी के आदेश को किया था निरस्त
गोरखपुर। पीटीसी की ट्रेनिंग लेने आईं महिला प्रशिक्षुओं में आक्रोश तो चार दिन पहले प्रेग्नेंसी टेस्ट के आदेश से ही शुरू हो गया था। बिछिया में ट्रेनिंग शुरू होने के बाद परिसर में अव्यवस्था और भीषण गर्मी में बिजली कटौती ने उन्हें और भड़का दिया। फिर जिसे अपनी पीड़ा सुनाने गईं, उसने हमदर्दी या उपाय सुझाने के बजाय डांट-डपट दिया। ऐसे में प्रशिक्षुओं को अपनी बात सुनाने के लिए आंदोलन करना ही एकमात्र विकल्प समझ में आया।
पीटीसी में महिला प्रशिक्षुओं की ट्रेनिंग सोमवार से शुरू हुई थी। उससे पहले उनका स्वास्थ्य परीक्षण होना था। पीएसी गेट पर प्रदर्शन कर रहीं कुछ महिला प्रशिक्षुओं ने बताया कि डीआईजी रोहन पी ने स्वास्थ्य जांच के दौरान गर्भावस्था जांच के भी निर्देश जारी कर दिए थे। हालांकि, मामले की जानकारी के बाद आईजी ट्रेनिंग चंद्र प्रकाश ने डीआईजी का आदेश निरस्त कर दिया। उन्होंने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि किसी महिला सिपाही की गर्भावस्था जांच नहीं कराई जाएगी। अगर कोई महिला गर्भवती है तो वह स्वयं शपथ पत्र देकर बैच बदल सकती है।
हालांकि पहले वाले आदेश ने महिला प्रशिक्षुओं का तनाव बढ़ा दिया था। सबसे अधिक नाराजगी तो उन प्रशिक्षुओं में था, जिनकी अभी शादी नहीं हुई है। इसके बाद मंगलवार रात में परिसर में बिजली कटने और बुधवार सुबह पानी के संकट ने ट्रेनिंग लेने आईं महिला प्रशिक्षुओं का धैर्य तोड़ दिया।
प्रशिक्षु महिलाओं के जाने के बाद बंद किया गया गेट
पीएसी कमांडेंट आनंद कुमार और सीओ दीपांशी राठौर ने महिला प्रशिक्षुओं को समझा कर शांत कराया और पीएसी परिसर में भेज मेन गेट बंद करा कर फोर्स तैनात कर दिया। उसके बाद प्रशिक्षु महिलाएं प्रशासनिक भवन के सामने बैठ गईं। उनका कहना था कि जब तक उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया जाएगा, तब तक ट्रेनिंग सेंटर में नहीं जाएगी। हालांकि, काफी मान-मनौव्वल के बाद महिलाएं ट्रेनिंग सेंटर में लौट गईं।
सोशल मीडिया पर पूरे दिन रही चर्चा
महिला रिक्रूट के आरोपों के बाद सोशल मीडिया पर भी पूरे दिन इसी मामले की चर्चा रही। सपा मुखिया अखिलेश यादव के पोस्ट के बाद एडीजी पीएसी ने अपने एक्स हैंडल से सफाई देते हुए बाथरूम में कैमरे लगाए जाने की बात को निराधार बताया। साथ ही अनुशासनहीनता एवं सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की बात कही।