ओपीडी और इमरजेंसी वार्ड पहुंचकर मरीजों और तीमारदारों से बातचीत कर ली स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी
गोरखपुर। एम्स की नई कार्यकारी निदेशक सेवानिवृत्त मेजर जनरल डॉ. विभा दत्ता ने बृहस्पतिवार को कार्यभार ग्रहण किया। इसके बाद सभी डाॅक्टरों के साथ मीटिंग कर मरीजों को मिलने वाले इलाज एवं सुविधाओं का व्यवस्थाओं की जानकारी ली। चर्म रोग विभाग के कार्यक्रम में जाने के दौरान ओपीडी और इमरजेंसी वार्ड के मरीजों और तीमारदारों से बातचीत कर स्वास्थ्य सेवाओं के बारे में भी जानकारी ली।
एम्स की नई कार्यकारी निदेशक डॉ. विभा दत्ता के नाम की घोषणा तो चार दिन पहले ही हो गई थी, लेकिन वे 30 जनवरी को गोरखपुर पहुंचीं। उनके आने पर डीडीए अरुण कुमार सिंह और एमएस डॉ. अजय भारती समेत अन्य वरिष्ठ लोगों ने स्वागत किया। कार्यभार ग्रहण करने की औपचारिकता पूरी करने के बाद दोपहर में वे चर्मरोग विभाग के कार्यक्रम में भी शामिल हुईं। कार्यक्रम से लौटने के दौरान डॉ. दत्ता ने ओपीडी और इमरजेंसी वार्ड के मरीजों और तीमारदारों से बातचीत की। उन्होंने मरीजों की समस्याओं को सुना और डॉक्टरों को मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि एम्स में आने वाले सभी मरीजों को उच्चतम गुणवत्ता की चिकित्सा सुविधा मिलनी चाहिए।
शाम चार बजे से सभी विभागों के वरिष्ठ डॉक्टरों के साथ मीटिंग कर डॉक्टरों की संख्या, उपलब्ध चिकित्सा उपकरण, मेडिकल कॉलेज में छात्रों की पढ़ाई, परीक्षा और अन्य सभी व्यवस्थाओं की जानकारी ली। डिप्टी डायरेक्टर प्रशासन अरुण कुमार सिंह ने बताया कि जल्द ही व्यवस्थाओं में सुधार दिखने लगेगा।