डोमिनगढ़ से कुसम्हीं के बीच गोरखपुर जंक्शन के रास्ते तीसरी लाइन का निर्माण पांच चरणों में पूरा होगा। जनवरी से पहले चरण का कार्य शुरू किया जाएगा। इसके बन जाने से ट्रेनों को आसपास के स्टेशनों पर रोकने की जरूरत नहीं पड़ेगी। मालगाड़ियां भी फर्राटे से गंतव्य को रवाना हो जाएंगी।
डोमिनगढ़ से कैंट स्टेशन होकर कुसम्ही तक तीसरी लाइन 21.15 किमी लंबी है। पिछले बजट में तीसरी लाइन के लिए 105 करोड़ रुपये मिला था। जिसके बाद काम शुरू कराया गया। इस परियोजना को 2016 के बजट में मंजूरी दी गई थी। इस बार इस लाइन के लिए 62 करोड़ रुपये मिले हैं।
अब तक 60 फीसदी काम पूरा हो चुका है। लाइन बिछाने के लिए लेवलिंग, साइड एप्रोच, छोटे पुल आदि कार्य कराए जा चुके हैं। रामगढ़ताल के उत्तरी छोर पर एक और पुल बनाने का काम भी शुरू हो गया है।
पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने कहा कि डोमिनगढ़, गोरखपुर, गोरखपुर कैंट एवं कुसम्ही के मध्य तीसरी लाइन का कार्य प्रगति पर है, इसके पूर्ण होने पर लाइन क्षमता में बढ़ोतरी होगी।
पांच चरणों में होगा काम
- पहला चरण : कैंट से नकहा स्टेशन
- दूसरा चरण : कैंट से कुसम्हीं स्टेशन
- तीसरा चरण : गोरखपुर जंक्शन से कैंट स्टेशन
- चौथा चरण : डोमिनगढ़ स्टेशन
- पांचवां चरण : गोरखपुर जंक्शन से डोमिनगढ़ स्टेशन
तीसरी लाइन का 82 किमी तक हुआ है विस्तार
रेलवे ने डोमिनगढ़-कुसम्ही तीसरी रेल लाइन का विस्तार किया है। अब बैतालपुर से खलीलाबाद तक 82 किमी तक तीसरी लाइन बिछाई जाएगी। रेलवे बोर्ड ने मंजूरी देते हुए फाइनल लोकेशन सर्वे के लिए बजट भी जारी कर दिया है। डोमिनगढ़ से खलीलाबाद तक 30 किलोमीटर तक तीसरी लाइन बिछाने के लिए 60 लाख रुपये और कुसम्ही से बैतालपुर तक 29.7 किमी तक तीसरी लाइन के लिए 59 लाख रुपये मिले हैं। ड्रोन सर्वे के लिए एजेंसी भी तय कर दी गई है।