गोरखपुर। नगर आयुक्त अजय जैन ने शुक्रवार शाम रेंट व लाइसेंस विभाग की समीक्षा बैठक में किराया और अनुज्ञा शुल्क वसूली की धीमी प्रगति पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने स्पष्ट कहा कि वसूली में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एक सप्ताह के भीतर जोनवार डिमांड तय कर उसके सापेक्ष वसूली प्रतिशत का चार्ट तैयार किया जाए। बैठक में जोन-एक के वसूली कर्मी रामवृक्ष यादव के अनुपस्थित रहने पर उनसे स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश भी दिए गए।
समीक्षा के दौरान नगर आयुक्त ने कई जोनों में दुकानों की वास्तविक डिमांड अब तक निर्धारित नहीं होने पर नाराजगी जताई। इसके साथ ही अधिकारियों से वसूली प्रक्रिया को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के निर्देश दिए।
नगर आयुक्त ने कहा कि अब लाइसेंस रसीदों पर क्यूआर कोड और यूपीआई आईडी अंकित की जाएगी, ताकि ऑनलाइन भुगतान की सुविधा उपलब्ध हो सके और वसूली प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बने। साथ ही अनुज्ञा शुल्क बढ़ाने तथा नवीनीकरण शुल्क कम करने के भी निर्देश दिए गए। नगर आयुक्त ने अधिकारियों से कहा कि मांग के सापेक्ष शत-प्रतिशत वसूली सुनिश्चित की जाए। बैठक में अपर नगर आयुक्त दुर्गेश मिश्रा, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी राकेश कुमार सोनकर, सहायक नगर आयुक्त रवि कुमार सिंह, अविनाश प्रताप सिंह, लेखाधिकारी नागेंद्र सिंह सहित रेंट व लाइसेंस विभाग के अधिकारी और वसूली कर्मी उपस्थित रहे।