गोरखपुर में नौसड़-पैडलेगंज के बाद करीब नौ किलोमीटर लंबी देवरिया बाईपास सड़क शहर की दूसरी सिक्स लेन होगी। विधानसभा चुनाव के बाद इस सड़क का प्रस्ताव व डीपीआर आदि तैयार किया जाएगा। पहले इस सड़क को फोर लेन बनाया जाना था, लेकिन मुख्यमंत्री योगी ने सड़क को शहर की महत्वपूर्ण सड़कों में से एक बताते हुए सिक्स लेन बनाने का निर्देश दिया है। कमिश्नर रवि कुमार एनजी ने बताया कि देवरिया बाईपास को सिक्स लेन बनाया जाना है। जल्द ही इस पर कवायद शुरू होगी।
तीन दशक से अधिक समय पहले जब दो लेन वाले देवरिया बाईपास का निर्माण हुआ तो इस क्षेत्र की आबादी बहुत कम थी। सहारा इस्टेट के आसपास कुछ गांव हुआ करते थे। पंचमुखी हनुमान मंदिर से लेकर जीडीए दफ्तर तक पूरा क्षेत्र बारिश में तालाब की तरह दिखता था। यही वजह है कि इस क्षेत्र को पहले जलवनिया नाम से भी जाना जाता था। आज इस क्षेत्र की सूरत बदल गई है। देवरिया बाईपास के दोनों किनारे 30 से अधिक छोटी-बड़ी कॉलोनियां बन गई हैं। आबादी भी एक लाख के आसपास हो गई है। रोजाना इस सड़क पर स्थानीय लोगों के ही 30 हजार से अधिक वाहन आते-जाते हैं। बाईपास की वजह से ट्रक और बसें भी चलते हैं। इस तरह सड़क तो दो लेन की ही रह गई, लेकिन ट्रैफिक कई गुना बढ़ गया। अब रोजाना जाम की स्थिति उत्पन्न हो जा रही है।
चौड़ी होगी सड़क, दूर होगी जाम की समस्या : कमिश्नर
कमिश्नर रवि कुमार एनजी ने बताया कि देवरिया बाईपास पर जाम की समस्या को देखते हुए इसे सिक्स लेन करने की योजना है। जल्द ही इस संबंध में कवायद शुरू हो जाएगी। उन्होंने बताया कि देवरिया बाईपास से सटे रामगढ़ताल क्षेत्र को पर्यटन के लिहाज से विश्व फलक पर स्थापित करने की मुख्यमंत्री की मंशा है। ट्रैफिक लोड बढ़ने की वजह से पहले इसे फोरलेन बनाने की योजना थी, मगर मुख्यमंत्री ने आने वाले भविष्य को भी ध्यान में रखकर इसे सिक्स लेन करने का निर्देश दिया है।