दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में परास्नातक पाठयक्रमों में प्रवेश की प्रक्रिया जोर-शोर से चल रही है। इसे देखते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने रविवार को भी परास्नातक में प्रवेश जारी रखने का फैसला किया है। इसके अलावा स्नातक कक्षाओं में भी रविवार को प्रवेश होगा।
इसके लिए विश्वविद्यालय प्रशासन की तैयारी हो चुकी है। कोरोना माहामरी को देखते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने यह फैसला लिया है कि परास्नातक का सभी प्रवेश अपने-अपने विभागों में ही होगा। इसमें कोई संसोधन नहीं किया जाएगा। इसे लेकर विश्वविद्यालय ने कट ऑफ मेरिट भी जारी कर दिया है।
रविवार को परास्नातक प्रवेश के लिए कटऑफ
एमएससी- कृषि
स्थान- दीक्षा भवन
अनारक्षित- 92 या अधिक
अन्य पिछड़ा वर्ग- 84 या अधिक
एससी- 44 या अधिक
एमए-मनोविज्ञान
ईडब्लूएस- 76 या अधिक
अन्य पिछड़ा वर्ग- 76 या अधिक
अनुसूचित जाति- सभी
अनुसूचित जनजाति- सभी
एमए- हिंदी
अनारक्षित- सभी संवर्ग के छूटे हुए अभ्यर्थी
अनारक्षित में अनुसूचित जनजाति- 96 या अधिक
अनारक्षित संवर्ग की प्रतीक्षा सूची- 82 या अधिक
ईडब्लूएस- 46 या अधिक
दिव्यांग- 58 अंक
अन्य पिछड़ा वर्ग- 66 या अधिक
अनुसूचित जाति, जनजाति- 58 या अधिक
बीबीए प्रथम वर्ष
स्थान- दीक्षा भवन
अनारक्षित- 122 अंक या अधिक प्राप्त करने वाले सभी अभ्यर्थी
ईडब्लूएस- 96 या अधिक
अन्य पिछड़ा वर्ग- 112 या अधिक
अनुसूचित जाति- 58 या अधिक
बीए
स्थान- दीक्षा भवन
ईडब्लूएस- 62 या समस्त अनारक्षित प्रतीक्षा सूची
सोमवार (9 नवंबर) को आयोजित प्रवेश की मेरिट
बीएससी- गणित
अनारक्षित- 102 या अधिक
अन्य पिछड़ा वर्ग- 96 या अधिक
ईडब्लूएस- 84 या अधिक
बीएससी- जीव विज्ञान
अनारक्षित- 126 या अधिक
अन्य पिछड़ा वर्ग- खत्म
ईडब्लूएस- 84 या अधिक
बीसीए पाठ्यक्रम
जो अभ्यर्थी शनिवार को प्रवेश नहीं हो पाए हैं उन्हें एक और अंतिम अवसर सोमवार को दिया जाएगा। इच्छुक अभ्यर्थी दीक्षा भवन कक्ष संख्या 106 में उपस्थित हों। बीसीए पाठ्यक्रम स्ववित्त पोषित है। अत: इसमें 15 हजार रुपए पश्चात प्रत्येक सेमेस्टर में अलग से जमा करना होगा।
बीकाम
(सीटो की उपलब्धता के आधार पर )
अनारक्षित- 122 या अधिक
अन्य पिछड़ा- 110 या अधिक
अनुसूचित जाति- 80 या अधिक
अनुसूचित जनजाति- 70 या अधिक
ईडब्लूएस- 84 या अधिक
एमए- राजनीति विज्ञान
प्रथम चरण में मुख्य सूची के छूटे अभ्यर्थी एवं प्रतीक्षा सूची न्यूनतम 128 अथवा उससे अधिक अंक प्राप्त किए हैं। उनका प्रवेश वरीयता एवं सीट की उपलब्धता के आधार पर किया जाएगा।
ईडब्लूएस- सभी
अन्य पिछड़ा- 114 या अधिक
अनुसूचित जाति- 100 या अधिक
अनुसूचित जनजाति- 104 या अधिक