फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ये है गोरखपुर की पहली महिला गैंगस्टर, जानिए अपराध की दुनिया में कब रखा था कदम

Thu, 07 Jan 2021 02:42 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
विज्ञापन
महिला गैंगस्टर गीता तिवारी। (फाइल) - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के जिले की पहली महिला गैंगस्टर गीता तिवारी पर हिस्ट्रीशीटर की कार्रवाई की गई है। वर्तमान में गीता देवरिया जेल में बंद है। उस पर गोरखपुर मंडलीय कारागार के महिला बैरक में गुटबाजी करने और सही आचरण नहीं करने का आरोप लगा था। इसके बाद जेल प्रशासन ने उसे दूसरी जेल में शिफ्ट करने की शासन से अनुमति मांगी थी। अनुमति मिलने के बाद उसे देवरिया भेज दिया गया था।
विज्ञापन


जानकारी के मुताबिक, तिवारीपुर थाना क्षेत्र के सूर्य विहार कॉलोनी निवासी गीता तिवारी पर हत्या के प्रयास, लूट और गैंगस्टर सहित कई मामले दर्ज हैं। गीता जिले की पहली महिला गैंगस्टर है। गीता की नातिन के जन्मदिन की पार्टी में दो युवकों को गोली मारी गई थी लेकिन गीता तिवारी मामले को रफा-दफा करना चाहती थी। मेडिकल कॉलेज से पुलिस को गोली चलने की सूचना मिली जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गीता तिवारी को गिरफ्तार कर लिया था। अब गीता पर हिस्ट्री शीट खोलने की कार्रवाई की गई है।

गीता पर वर्ष 2019 में कोतवाली, गोरखनाथ और तिवारीपुर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। गैंगस्टर के तहत हुई कार्रवाई में गीता को जेल भेजा गया था। जमानत मिलने पर उसके खिलाफ एनबीडब्ल्यू (गैर जमानती वारंट) जारी हुआ था। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
विज्ञापन
विज्ञापन

बता दें कि शादी से पहले गीता संवासिनी गृह में रहती थी। हिंदू युवा वाहिनी से जुड़े शिवकुमार तिवारी से उसकी शादी तत्कालीन डीएम ने कराई थी। शिवकुमार उस समय समाजसेवी था। बाद में वह स्मैक की तस्करी करने लगा। चार साल पहले शिवकुमार की मौत हो गई तो उसके सभी धंधे को गीता ने संभाल लिया। चोरी के मामलों में जेल गई और घर पर अपराधियों का आना-जाना शुरू हुआ तो पुलिस ने गैंगस्टर लगाकर जेल भेज दिया।

बताते हैं कि शिवकुमार से शादी के बाद गीता आर्केस्ट्रा का संचालन करने लगी थी। तब शिवकुमार पत्नी गीता के साथ कोतवाली इलाके में किराए के मकान में रहता था। करीब दस साल पहले गीता के घर पर छापा पड़ा तो पांच अपराधी पकड़े गए। इस मामले में पहली बार गीता जेल गई थी।

इसके बाद शिवकुमार को हिंदू युवा वाहिनी से निकाल दिया गया। शिवकुमार कहां से आया था इसकी जानकारी किसी को नहीं है। राजाघाट इलाके में वह किराए का कमरा लेकर रहता था। इसी दौरान समाजसेवा करने लगा। हियुवा से निकाले जाने के बाद वह कोतवाली इलाके में किराए का कमरा लेकर रहने लगा और तत्कालीन डीएम के संपर्क में आने के बाद उसकी शादी गीता से हो गई।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें