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50 लाख की हरियाणा निर्मित शराब के मामले में गोदाम मालिक भेजे गए जेल

Fri, 10 Jan 2020 09:01 PM IST
विजय जैन डिजिटल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, संतकबीरनगर।
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प्रभा सेवा समिति के डॉयरेक्टर वैभव चतुर्वेदी गिरफ्तार - फोटो : amarujala
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एक माह पूर्व इंडस्ट्रीयल एरिया खलीलाबाद से हरियाणा निर्मित 50 लाख कीमत का शराब पुलिस ने बरामद की थी। इसी मामले में शुक्रवार को पुलिस ने प्लाट के मालिक एवं प्रभा सेवा समिति के डॉयरेक्टर वैभव चतुर्वेदी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने विवेचना से प्लाट मालिक को आरोपी बनाया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए वैभव को जेल भेज दिया।
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एक दिसंबर 2019 को पुलिस टीम ने इंडस्ट्रीयल एरिया में प्लाट संख्या ई- 22 में भंडारित तथा एक कंटेनर व टैंकर से हरियाणा निर्मित 50 लाख रुपये की शराब बरामद की थी। पुलिस ने मौके से छह आरोपियों को पकड़ कर जेल भेजा था। पुलिस की पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों ने गैंग के सरगना सुरेश सोनी निवासी ग्राम व थाना मीरका जनपद हिसार हरियाणा और सहयोगी पिंटू का नाम बताया था।

पुलिस की विवेचना से प्रकाश में आए आरोपी विकास श्योराण उर्फ विकास चौधरी निवासी मकान नंबर 51 वार्ड नंबर चार जगरामबास-24 थाना बाढ़डा जिला चरखी दादरी हरियाणा को 14 दिसंबर को पुलिस टीम ने हरियाणा से गिरफ्तार कर रिमांड पर जिले में लाई थी।
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प्लाट संख्या ई- 22 प्रभा सेवा समिति के नाम आवंटित

एसपी ब्रजेश सिंह ने बताया कि पुलिस की विवेचना से प्रकाश में आया कि प्लाट संख्या ई- 22 प्रभा सेवा समिति के नाम आवंटित है। जिसके डॉयरेक्टर वैभव चतुर्वेदी पुत्र विनय कुमार चतुर्वेदी निवासी प्रभा भवन मुखलिसपुर रोड खलीलाबाद है।

आरोपी विकास श्योराण से हुई पूछताछ में पता चला था कि पकड़े गए आरोपी विकास श्योराण ने 100 रुपये के स्टॉप पेपर पर 25 हजार रुपये महीने किराए पर 23 जुलाई 2019 को हरिशंकर सिंह निवासी कोनी वास्ते वैभव चतुर्वेदी से किराए पर लिया था। इस मामले में हरिशंकर सिंह को भी गिरफ्तार करके शराब के सप्लायर विकास श्योराण के साथ ही 15 दिसंबर 2019 को जेल भेज दिया गया था।

इसी मामले में विवेचना से प्लाट संख्या ई- 22 के मालिक वैभव चतुर्वेदी का नाम भी प्रकाश में आया। इनके प्लाट का किरायानामा भी कानूनन वैध नहीं है। इनकी समिति के नाम आवंटित प्लाट संख्या ई- 22 में भंडारित किए गए शराब के मामले में इन्हें आरोपी बनाते हुए जेल भेज दिया गया।

अभी इस मामले में दो आरोपी सुरेश सोनी और पिंटू वांछित है। जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगी हुई है। वहीं प्रभा सेवा समिति के डॉयरेक्टर वैभव चतुर्वेदी ने कहा कि उन्हें राजनीतिक साजिश के तहत फंसाया गया है। छवि को धूमिल करने की कोशिश करने वाले अपने मंसूबे में कभी कामयाब नहीं होंगे।
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