एसपी सिटी सोनम कुमार मामले का खुलासा करते हुए।
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गोरखपुर शहर के अमरुद बागीचे में 8 दिसंबर को अमरनाथ वर्मा की हत्या का पर्दाफाश करते हुए दो दोस्तों को शनिवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में पता चला कि शराब पीने के आपसी विवाद में ही दोनों दोस्तों ने ईंट से प्रहार कर उसे मौत के घाट उतारा था और फिर फरार हो गए थे। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर मामले की जांच कर रही थी। शनिवार को आरोपितों को राजघाट पुलिस ने कोर्ट में पेश कर जेल भिजवा दिया।
आरोपियों की पहचान रामगढ़ताल इलाके के महेवा निवासी हनुमान उर्फ जरलाहे और खोराबार के डांगीपार निवासी राकेश उर्फ टिंकू के रूप में हुई है। एसपी सिटी सोनम कुमार ने प्रेस कांफ्रेंस कर घटना का पर्दाफाश किया।
एसपी सिटी ने बताया कि 8 दिसंबर की दोपहर को राजघाट के चकरा अव्वल, अमरुद बागीचे में एक युवक का शव मिला था। उसके सिर पर ईंट से प्रहार कर हत्या कर दी गई थी। अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर राजघाट पुलिस मामले की छानबीन कर रही थी।
अगले दिन शव की शिनाख्त तुर्कमानपुर पटवारी टोला में रहने वाले गुलाब चंद्र वर्मा के बेटे अमरनाथ के रुप में हुई। सर्विलांस की मदद से छानबीन करने पर पता चला कि घटना के दिन अमरनाथ अपने दोस्त हनुमान और राकेश के साथ अमरुद बागीचे की तरफ दिखा था।
शनिवार की दोपहर प्रभारी निरीक्षक राजघाट रणधीर मिश्र ने बैकुंठधाम के पास दोनों को गिरफ्तार कर लिया। दोनों ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया कि शराब पीने के दौरान अमरनाथ ने विवाद कर लिया। मामला बढ़ने पर हाथापाई करने लगा। जिसके बाद दोनों ने मिलकर ईंट से अमरनाथ के सिर पर हमला कर हत्या कर दिया। आरोपियों की निशानदेही पर घटना में इस्तेमाल ईंट बरामद किया गया।