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रेलवे अफसर रिश्वतखारी कांड: जोशी का क्या बोलें...यहां तो पूरी दाल ही काली निकली

Fri, 15 Sep 2023 10:28 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

बृहस्पतिवार को जीएम कार्यालय के पास श्रमिक संघ का धरना था। पुरानी पेंशन की मांग को लेकर धरना दे रहे इन कर्मचारियों के बीच इस प्रकरण को लेकर ही चर्चा हो रही थी। वाहन स्टैंड के पास बैठे तीन-चार कर्मचारी एंटी करप्शन ब्यूरो की कार्रवाई पर चर्चा कर रहे थे। इनका कहना था कि ऐसे मामलों से विभाग की छवि धूमिल होती है।
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पूर्वात्तर रेलवे का मुख्य सामग्री प्रबंधन कार्यालय। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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सीबीआई की एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम के लौटने के बाद बृहस्पतिवार को रेलवे के सभी दफ्तरों में सामान्य दिनों की तरह कामकाज होने लगा। हालांकि, अब भी दहशत बरकरार है। अफसरों को डर है कि कहीं उनके भी मोबाइल फोन सर्विलांस पर तो नहीं लगाए गए हैं। दफ्तरों में इस घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चा होती रही। रेल कर्मियों के बीच चर्चा रही कि पूर्वोत्तर रेलवे के प्रमुख मुख्य सामग्री प्रबंधक केसी जोशी के खिलाफ जांच के बाद ही सही तथ्य सामने आएंगे। जोशी का क्या बोलें...यहां दाल में काला नहीं, पूरी दाल ही काली निकल गई..।

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मंगलवार को सीबीआई की एंटी करप्शन ब्यूरो की दो टीमें लखनऊ से गोरखपुर आई थीं। यह टीम प्रणव त्रिपाठी की शिकायत पर आई थी। एक टीम पूर्वोत्तर रेलवे के प्रमुख मुख्य सामग्री प्रबंधक केसी जोशी को अपने साथ ले गई थी। वहीं, दूसरी टीम ने बुधवार को भी कार्यालयों की जांच कर कई अभिलेख कब्जे में लिए कुछ कर्मचारियों से पूछताछ भी हुई थी।

इसके चलते बुधवार को कर्मचारी सहमे हुए थे। टीम पूछताछ के बाद लौट गई। बृहस्पतिवार को रेलवे के सभी दफ्तरों का कामकाज सामान्य रहा। कर्मचारियों में प्रकरण को लेकर चर्चा तो थी, लेकिन साथ में दो दिन के बकाया काम का दबाव भी था। वहीं वरिष्ठ अफसर इस पूरे मामले पर तीसरे दिन भी चुप्पी साधे रहे।
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धरना-प्रदर्शन में भी छाया रहा प्रकरण

बृहस्पतिवार को जीएम कार्यालय के पास श्रमिक संघ का धरना था। पुरानी पेंशन की मांग को लेकर धरना दे रहे इन कर्मचारियों के बीच इस प्रकरण को लेकर ही चर्चा हो रही थी। वाहन स्टैंड के पास बैठे तीन-चार कर्मचारी एंटी करप्शन ब्यूरो की कार्रवाई पर चर्चा कर रहे थे। इनका कहना था कि ऐसे मामलों से विभाग की छवि धूमिल होती है।

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