कोरोना संकटकाल के दौरान बच्चे घर पर सुरक्षित रहें और उनकी पढ़ाई भी प्रभावित न हो, इसके लिए परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के घर कॉपी और किताबों को पहुंचाया जाएगा। शासन का निर्देश मिलने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग ने इसपर काम शुरू कर दिया है। जिले के तीन हजार परिषदीय विद्यालयों मेें 3,67,787 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं।
कोरोना महामारी की वजह से परिषदीय स्कूल मार्च से ही बंद हैं। इन स्कूलों में अध्ययनरत बच्चों को अगली कक्षाओं में प्रमोट करने के साथ ही ऑनलाइन पढ़ाई शुरू की जा चुकी है। मगर कॉपी-किताब और स्मार्ट फोन के अभाव में जिले के सभी बच्चों कर पढ़ाई शुरू नहीं हो सकी है।
वहीं जो बच्चे ऑनलाइन माध्यम से जुड़ भी गए हैं उनके पास मोबाइल ज्यादा समय तक नहीं रहता है। ऐसे में सरकार का मानना है कि बच्चों के पास किताबें होंगी तो वे अपनी पढ़ाई पर ज्यादा फोकस कर सकेंगे। बीएसए बीएन सिंह ने बताया कि किताबों का वितरण बच्चों तक किए जाने का निर्देश मिला है। इसकी रूपरेखा तैयार की जा रही है। जल्द से जल्द किताबों को अभिभावकों तक पहुंचाया जाएगा।