गोरखपुर में अतिक्रमण के खिलाफ चल रहे अभियान के क्रम में प्रशासन और नगर निगम की टीम ने बुधवार को बेतियाहाता से लेकर टीडीएम इंटर कॉलेज होते हुए ट्रांसपोर्ट नगर तक अतिक्रमण पर बुलडोजर चलाया। इस दौरान 20 से अधिक स्थायी-अस्थायी निर्माण तोड़े गए। कुछ दुकानदारों ने विरोध भी किया, मगर पुलिस ने सख्ती दिखाई तो शांत होकर पीछे हट गए। टीम ने अतिक्रमण करने वालों से 7,000 रुपये जुर्माना भी वसूला।
प्रवर्तन टीम प्रभारी सीपी सिंह के नेतृत्व में सबसे पहले भगत चौराहे पर फल कारोबारियों पर कार्रवाई हुई। पटरी पर कब्जा करने वाले दुकानदारों के अस्थाई निर्माण को गिरा दिया गया। इसके बाद अलहदादपुर चौराहे पर सड़क तक कब्जा करने वालों को पीछे खदेड़ा गया। टीम ने मौके पर मार्किंग (निशान) बनाया और निर्देश दिया कि इसके आगे यदि किसी ने ठेला-खोमचा लगाया तो कार्रवाई की जाएगी।
नागंलिया अस्पताल के सामने भी अतिक्रमण तोड़ा गया। सर्वाधिक पक्का निर्माण प्रेमचंद पार्क के पास तोड़ा गया। यहां कुछ डॉक्टरों ने सड़क की जमीन पर चबूतरा बना लिया था, जिसे जेसीबी से तोड़ा गया। साथ ही डॉक्टरों को दोबारा अतिक्रमण नहीं करने की चेतावनी दी गई। ट्रांसपोर्ट नगर चौराहे पर दुकानदारों द्वारा सड़क पर टायर रखे हुए मिले।
टीम ने हटाना शुरू किया तो दुकानदारों ने शाम तक की मोहलत मांगी। वहीं निगम की टीम द्वारा बेतियाहाता चौराहा, शास्त्री चौक, कचहरी चौराहा, गणेश चौराहा, गोलघर काली मंदिर होते हुए यातायात तिराहा तक पोल से होर्डिंग आदि भी हटाया गया। प्रवर्तन टीम के प्रभारी सीपी सिंह ने बताया कि बेतियाहाता से ट्रांसपोर्ट नगर तक अतिक्रमण मुक्त कर दिया गया है। जो भी दुकानदार दोबारा अतिक्रमण करेंगे उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
इस दौरान सीओ श्याम बहादुर सिंह, कर अधीक्षक विपुल विक्रम राय, जेई विवेकानंद, ट्रांसपोर्ट नगर पुलिस चौकी इंचार्ज अनूप कुमार मिश्रा, टीआई विनोद सिंह, हेड कांस्टेबल बृजेश कुमार, कांस्टेबल मुंद्रिका प्रसाद, आरआई राम सुचित, आरआई अमर श्रीवास्तव आदि उपस्थित रहे।