क़ादरिया मस्जिद नखास चौक में कारी मो. मोईनुद्दीन निजामी ने क़ुर्बानी का बयान किया। बताया कि कुर्बानी से हमें दर्स मिलता है। दीन के लिए जब भी जरूरत पड़े तो माल व जान देने से पीछे नहीं हटना चाहिए। मोती जामा मस्जिद दशहरी बाग रसूलपुर में मुफ्ती खुश मोहम्मद मिस्बाही ने कहा कि कुर्बानी अल्लाह को बहुत प्यारी है। बहादुरिया जामा मस्जिद रहमतनगर में मौलाना अली अहमद ने कहा कि मुसलमानों को कुर्बानी में सभी का ख्याल रखना चाहिए। यह खुशी मेहमान नवाजी का पर्व है, किसी की दिल शिकनी नहीं होनी चाहिए।
बरसात ने बिगाड़ा मजा
रात भर हुई बरसात के कारण कई मुस्लिम बहुल इलाकों में सुबह जलभराव की समस्या रही। जिसके कारण लोगों को ईद की नमाज अदा करने के लिए मस्जिद पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ा। चिल्मापुर, तारामंडल क्षेत्र, चक्शा हुसैन रसूलपुर, हुमायूंपुर, जफर कॉलोनी बहरामपुर आदि मुस्लिम बहुल इलाकों में जलभराव के कारण नमाजियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। चिल्मापुर के फर्रुख जमाल ने बताया कि सुबह गलियों से लेकर मुख्य सड़क और नूर जामा मस्जिद, ईदगाह जाने वाली सड़क पर टखनों तक पानी भरा था।