उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में विभिन्न मामलों में आरोपी 10 लोगों के शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए गए हैं। पुलिस की ओर से भेजी गई रिपोर्ट पर जिला मजिस्ट्रेट ने यह फैसला लिया है। दरअसल, त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर एसएसपी जोगेंद्र कुमार के निर्देश पर कराए जा रहे सत्यापन के दौरान पता चला कि विभिन्न मामलों में केस दर्ज होने के बाद भी ये 10 आरोपी लाइसेंसधारी बने हुए थे। इसके बाद पुलिस की ओर से इन लोगों के शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने की रिपोर्ट भेजी गई थी।
इनके लाइसेंस हुए निरस्त
पिपराइच इलाके के जंगल छत्रधारी निवासी छोटेलाल के रिवाल्वर, यहीं के विजय निषाद के रिवाल्वर, गोला इलाके के चिट्ठेपार निवासी सुरेंद्र कुमार शुक्ला का एक रिवाल्वर और एक डीबीबीएल गन, पीपीगंज के लक्ष्मीपुर निवासी छांगुर प्रसाद का एसबीबीएल गन, यहीं के राजेंद्र कुमार का एसबीबीएल गन, बेलघाट के एकौना निवासी लालजी यादव का राइफल, चौरीचौरा के सोनबरसा निवासी वेदप्रकाश जायसवाल का पिस्टल, बड़हलगंज के झझवा मदरहा टोला निवासी रमेश दुबे का रिवाल्वर, तिवारीपुर के सूर्य विहार कॉलोनी निवासी अरशद नईम उर्फ बाबी के पिस्टल का लाइसेंस निरस्त किया गया है।
41 लोगों के शस्त्र लाइसेंस हो चुके हैं निलंबित
पुलिस की ओर से एक फरवरी 2020 से 31 जनवरी 2021 तक आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के लाइसेंस की रिपोर्ट भेजी गई थी। पुलिस की ओर से भेजी गई रिपोर्ट के आधार पर अब तक41 लोगों के लाइसेंस निलंबित किए जा चुके है।
एसएसपी जोगेंद्र कुमार ने बताया कि पुलिस की ओर से शस्त्रों के सत्यापन का काम चल रहा है। जहां पर भी मुकदमे दर्ज होने के बाद लाइसेंस मिल रहे हैं, उनके खिलाफ रिपोर्ट भेजी जा रही है। इसी के तहत दस लोगों के लाइसेंस निरस्त हुए हैं।