फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Dhruv Rathee: जर्मनी में घर और 28 मिलियन फॉलोअर, कौन हैं ध्रुव राठी? जो सिख गुरुओं पर वीडियो बनाकर बुरे फंसे

Mon, 19 May 2025 06:01 PM IST
हिमांशु सोनी एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

Who is Dhurv Rathee: मूल रूप से हरियाणा के रहने वाले जर्मनी के यूट्यूबर ध्रुव राठी अब एक बार फिर मुश्किलों में पड़ गए हैं। यूट्यूबर पर सिखों के एआई वीडियो के इस्तेमाल के चलते कानूनी शिकंजा कस सकता है। 

विज्ञापन
ध्रुव राठी - फोटो : इंस्टाग्राम- @dhruvrathee
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पॉपुलर यूट्यूबर ध्रुव राठी एक एआई वीडियो को लेकर विवादों में फंस गए हैं, जिसमें सिख गुरुओं और योद्धाओं को गलत ढंग से दर्शाया गया है। 'द राइज ऑफ सिख' नाम के एआई-निर्मित वीडियो में ऐतिहासिक तथ्यों और धार्मिक भावनाओं के साथ छेड़छाड़ का आरोप लगा है। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने यूट्यूबर के इस वीडियो की तीखी आलोचना करते हुए इसे सिख समुदाय की भावनाओं को आहत करने वाला बताया है। आइए आपको बताते हैं आखिर कौन हैं ध्रूव राठी और कब-कब यूट्यूबर ऐसे ही विवादों में फंसे हैं। 

कौन हैं ध्रुव राठी?

विज्ञापन

हरियाणा में जन्में और जर्मनी से इंजीनियरिंग की डिग्री हासिल करने वाले ध्रुव राठी एक पॉपुलर यूट्यूबर और सोशल मीडिया इन्फलुएंसर हैं। साल 2014 में यूट्यूबर पर अपना चैनल शुरू करने वाले ध्रुव के करीब 28 मिलियन सबस्क्राइबर्स हैं जबकि इंस्टाग्राम पर उनके 13 मिलियन फॉलोअर्स हैं। उनकी लोकप्रियता को देखते हुए साल 2023 में टाइम्स मैगजीन ने उनका नाम नेक्स्ट जेनरेशन लीडर्स की लिस्ट में शामिल किया था। 

कब-कब विवादों में आए ध्रुव? 
आपको बता दें यह कोई पहली बार नहीं है जब ध्रुव राठी को लेकर कोई विवाद हुआ हो। इससे पहले भी कई बार वो अपने वीडियोज या पर्सनल राय के चलते मुश्किलों में पड़ चुके हैं। पिछले साल लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की बेटी के खिलाफ सोशल मीडिया पर झूठा दावा करने को लेकर यूट्यूबर ध्रुव राठी के खिलाफ मामला दर्ज किया था।
विज्ञापन


इसके अलावा ध्रुव राठी ने साल 2021 में किसान आंदोलन के समर्थन में कई वीडियो बनाए थे, जिनमें उन्होंने सरकार की नीतियों की कड़ी आलोचना की। इससे उन्हें भाजपा समर्थकों और कई दर्शकों की तीखी आलोचना का सामना करना पड़ा।


 

विज्ञापन


कोविड में भ्रम फैलाने का आरोप
2020 में कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान यूट्यूबर ने सरकार की नीतियों और डेटा प्रबंधन पर सवाल उठाते हुए कई वीडियो पोस्ट किए थे। उन पर आरोप लगा कि वह आधे-अधूरे तथ्यों के आधार पर सरकार को बदनाम कर रहे हैं और जनता में डर फैला रहे हैं।

ये खबर भी पढ़ें: Ranveer Allahbadia: पाकिस्तान को लेकर रणवीर अल्लाहबादिया ने की पोस्ट, भड़के यूजर्स, बोले- कभी नहीं सुधरेगा

इसके अलावा साल 2020 में अयोध्या में राम मंदिर मुद्दे पर भी ध्रुव राठी ने एक वीडियो में ऐतिहासिक और कानूनी पहलुओं को लेकर विश्लेषण किया था। इस वीडियो में इस्तेमाल की गई भाषा और दृष्टिकोण को लेकर हिंदू संगठनों ने आरोप लगाया कि राठी धार्मिक भावनाएं आहत कर रहे हैं।

पाकिस्तान पर डॉक्यूमेंट्री का विवादित वीडियो
ध्रुव राठी ने साल 2021 में भारत-पाकिस्तान संबंधों पर चर्चा करते हुए पड़ोसी मुल्क के कुछ मुद्दों की तुलना भारत से की थी। इससे उन्हें सोशल मीडिया पर 'भारत विरोधी मानसिकता' फैलाने के आरोपों का सामना करना पड़ा था। 

क्या हैं पूरा मामला? 
दरअसल जर्मनी में रहने वाले यूट्यूबर ध्रुव राठी ने अब ‘द सिख वॉरियर हू टेरिफाईड द मुगल’ नाम से एक वीडियो बनाया जिसमें उन्होंने सिखों को लेकर एआई के बनाए हुए कुछ विजुअल भी शामिल किए हैं। बस इसी वीडियो को लेकर अब सिख समुदाय के लोग आपत्ति जता रहे हैं और इसे सिख धर्मगुरु का अपमान बता रहे हैं।  

ये खबर भी पढ़ें:Dhruv Rathee: सिख गुरुओं का AI वीडियो बनाकर फिर विवादों में यूट्यूबर ध्रुव राठी, एसजीपीसी ने जताई आपत्ति

शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने वीडियो की निंदा की है और इसपर एक्शन की मांग की है। वहीं दिल्ली सरकार में मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने भीएक्स पर पोस्ट करते हुए इसे सिख धर्म का अपमान बताया है।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें