फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bigg Boss 10 Kannada: 'बिग बॉस 10 कन्नड़' के घर से गिरफ्तार किए गए वर्थुर संतोष, बाघ के पंजे का लॉकेट बना वजह

Mon, 23 Oct 2023 04:17 PM IST
पलक शुक्ला एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

किच्चा सुदीप द्वारा होस्ट किया जाने वाला 'बिग बॉस कन्नड़' का 10वां सीजन सुर्खियों में है। इसके सुर्खियों में आने की वजह शो के कंटेस्टेंट वर्थुर संतोष की गिरफ्तारी है।
विज्ञापन
वर्थुर संतोष - फोटो : social media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

छोटे पर्दे पर इन दिनों टीवी के मोस्ट कॉन्ट्रोवर्शियल शो 'बिग बॉस 17' की धूम देखने को मिल रही है। जहां एक तरफ हिंदी पट्टी के दर्शकों के बीच सलमान खान द्वारा होस्ट किया जा रहा यह शो सुर्खियों में है, वहीं दूसरी ओर दक्षिण भारतीय लोग 'बिग बॉस 10 कन्नड़' का लुत्फ उठा रहे हैं। बिग बॉस चाहे यहां का हो या वहां का इसके इर्द-गिर्द कॉन्ट्रोवर्सी होना आम बात है। आज हम 'बिग बॉस 17' की नहीं बल्कि 'बिग बॉस 10 कन्नड़' की बात करने वाले हैं। दरअसल, खबर आ रही है कि किच्चा सुदीप द्वारा होस्ट किए जाने वाले इस शो के बीच से एक कंटेस्टेंट को गिरफ्तार कर लिया गया है।  

विज्ञापन

बाघ के पंजे का लॉकेट रखने के जुर्म में गिरफ्तारी
किच्चा सुदीप द्वारा होस्ट किया जाने वाला 'बिग बॉस कन्नड़' का 10वां सीजन सुर्खियों में है। इसके सुर्खियों में आने की वजह शो के कंटेस्टेंट वर्थुर संतोष की गिरफ्तारी है। दरअसल, कथित तौर वर्थुर पर वन विभाग ने बाघ के पंजे का लॉकेट पहनने का आरोप लगाया है और इसी के तहत उन्हें गिरफ्तार किया गया है। बता दें, शो में वर्थुर को लॉकेट पहने हुए देखे जाने के बाद एक एफआईआर दर्ज कराई गई थी और इसी के तहत एक्शन लिया गया है।

असली बाघ के पंजे का था लॉकेट
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बीते दिन यानी 22 अक्टूबर को वन विभाग के अधिकारी बिग बॉस के सेट पर पहुंचे और शो के मेकर्स से चेन और लॉकेट घर के बाहर लाने को कहा। उन्होंने इसकी जांच की और इस निष्कर्ष पर पहुंचे कि यह असली बाघ का पंजा था। इसके बाद वन विभाग के अधिकारियों ने वर्थुर को शो के बीच से ही गिरफ्तार कर लिया। कथित तौर पर, वन विभाग पेंडेंट की जांच कर रहा है। पेंडेंट को विस्तृत विश्लेषण के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा जाएगा।
विज्ञापन

कौन हैं वर्थुर संतोष?
गिरफ्तार करने आए अधिकारी ने कहा कि, 'वर्थुर ने वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 का उल्लंघन किया है और इसमें अधिकतम तीन से सात साल की सजा हो सकती है।' रिपोर्ट में आगे कहा गया है कि वह कागलीपुरा के वन रेंज कार्यालय की हिरासत में है। बता दें, वर्थुर संतोष कर्नाटक में एक जानी-मानी पर्सनैलिटी हैं। कथित तौर पर वर्थुर को अखिल भारतीय गाय संरक्षण समिति के अध्यक्ष के रूप में काम करने के बाद लोकप्रियता मिली थी।  
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें