लोकप्रिया मलयालम फिल्म निर्माता और निर्देशक एम मणि का आज रविवार को निधन हो गया है। एम मणि को 'अरोमा' मणि के नाम से जाना जाता था। न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक उनके निधन की जानकारी उनके पारिवारिक सूत्रों से मिली है। वे 84 वर्ष के थे।
कई चर्चित फिल्मों का किया निर्माण
एम मणि के एक पारिवारिक सदस्य ने बताया कि उनका निधन रविवार को दोपहर करीब 2.30 बजे उनके आवास पर हुआ। उनका निधन उम्र संबंधी बीमारियों के कारण हुआ है। एम मणि कई मलयालम हिट फिल्मों का निर्माण किया। इनमें 'ध्रुवम', 'इरुपथम नूट्टांडु', 'ओरु सीबीआई डायरी कुरिप्पु', 'कमिश्नर', 'कल्लन पवित्रन', 'कोट्टायम कुंजाचन', 'बलेत्तन', 'मिस्टर' शामिल हैं। इनक अलावा 'ब्रह्मचारी', 'माम्बाझकलम' और 'कलाकार' आदि फिल्मों के भी नाम शामिल हैं।
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मलयालम सिनेमा में बनाईं सबसे ज्यादा फिल्में
एम मणि की अन्य लोकप्रिय फिल्मों में 'कल्लियांकट्टू नीली', 'सूर्य गायत्री', 'रुद्राक्षम', 'प्रेम पुजारी', 'पल्लवुर देवनारायणन', 'एफआईआर', 'रावणन' आदि भी शामिल हैं। उन्हें मलयालम उद्योग में सबसे अधिक फिल्में बनाने का श्रेय दिया जाता है। एफईएफकेए डायरेक्टर्स यूनियन ने एक बयान में कहा, 'उन्होंने 'अरोमा मूवीज' और 'सुनीता प्रोडक्शंस' के बैनर तले 62 फिल्मों का निर्माण किया है और उन्हें मलयालम उद्योग में सबसे अधिक फिल्में बनाने वाला निर्माता माना जाता है'।
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कई फिल्मों का किया निर्देशन
उनकी दो फिल्में, पी पद्मराजन द्वारा निर्देशित 'थिंकलाझ्चा नल्ला दिवसम' और सिबी मलयिल द्वारा निर्देशित 'दूरे दूरे ओरु कूडु कूट्टम' को राष्ट्रीय पुरस्कार मिल चुके हैं। फिल्म निर्माण के अलावा, मणि ने मलयालम भाषा में सात फिल्मों का निर्देशन भी किया। उन्होंने 1977 में फिल्म 'धीरा समीर यमुना तीरे' से अपना प्रोडक्शन वेंचर शुरू किया था। 2013 में श्यामाप्रसाद द्वारा निर्देशित फहाद फासिल अभिनीत 'आर्टिस्ट' उनकी निर्मित अंतिम फिल्म थी।
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