सूत्रों ने एनआई को बताया कि बहुत सी रसीदें भी मिली हैं। फर्जी लोन्स और बिलिंग दस्तावेज भी पाए गए हैं जिन्हें आयकर विभाग ने अपने कब्जे में लिया है। बता दें कि इससे पहले सर्कुलर ट्रेडिंग के भी सबूत तलाशी के दौरान मिले थे। उन्होंने कहा कि कई सारे कागजात जो अब आयकर विभाग के हिरासत में हैं उनसे पता चलता है कि बहुत से रुपये अलग अलग अकाउंट से कई जगह भेजे गए हैं और इसके लाभार्थी सोनू सूद हैं।
जानकारी के मुताबिक ये सर्वे लखनऊ के बड़े कारोबारी अनिल सिंह से जुड़ा हुआ है। हाल ही में अनिल सिंह के दफ्तर पर भी इनकम टैक्स का छापा पड़ा है। सोनू सूद और अनिल सिंह कारोबार में पार्टनर बताए जा रहे हैं। आयकर विभाग की टीम उन सभी संस्थाओं की जांच कर रही है, जो सोनू सूद से जुड़े हुए हैं।
सोनू सूद सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा एक्टिव रहते हैं हालांकि उन्होंने आयकर विभाग के इस सर्वे को लेकर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। वहीं दूसरी तरफ दिल्ली के मुख्यमंत्री इस सर्वे से नाराज दिखाई दिए। उन्होंने ट्वीट कर कहा- सच्चाई के रास्ते पर लाखों मुश्किलें आती हैं, लेकिन जीत हमेशा सच्चाई की ही होती है। सोनू सूद जी के साथ भारत के उन लाखों परिवारों की दुआएं हैं जिन्हें मुश्किल घड़ी में सोनू जी का साथ मिला था। वहीं सोशल मीडिया पर यूजर्स ने भी इस सर्च ऑपरेशन को लेकर नाराजगी जाहिर की।