मिस्टर केकेआर दिखाएंगे तुमको
वहीं कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर ने इस मामले पर बयान देते हुए कहा- 'मैं बीसीसीआई को इस फैसले के लिए धन्यवाद देता हूं पर इस पूरे मामले पर मिस्टर केकेआर को कोई बयान नहीं आया। जिस देश ने उनको हीरो बनाया है उन्होंने कोई बयान नहीं दिया। मिस्टर केकेआर दिखाएंगे बेटा कि कैसे सनातनी एक दूसरे की मदद कर सकते हैं। हमें किसी की जरूरत नहीं पर यह दर्द रहेगा कि मिस्टर केकेआर हिंदुओं के साथ खड़े नहीं।’
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ये बातें बड़ी बचकानी हैं
मामले पर पूर्व भारतीय क्रिकेटर अतुल वासन ने भी बयान दिया। उन्होंने कहा- ‘इस मामले पर कई लोगों ने शाहरुख को निशाना बनाया। मेरा ये कहना है कि शाहरुख अकेले केकेआर के मालिक तो हैं नहीं। वहीं सिर्फ उनकी टीम ने ही बांग्लादेशी खिलाड़ी पर पैसे नहीं लगाए। निलामी में दो और टीमों ने बोली लगाई थी पर मिला वो शाहरुख की टीम को। अब उस खिलाड़ी को निलामी में डालने का फैसला तो बीसीसीआई का है। अब एक खिलाड़ी को हटा देने से हमारा बदला तो पूरा नहीं हो गया। वहीं जो लोग कह रहे हैं कि यह सनातन की जीत है.. वो सब सुनकर बड़ा ही बचकाना लगता है।’
शाहरुख तो टीम बेहतर बना रहे थे
वहीं इस मामले पर पूर्व भारतीय क्रिकेटर मदन लाल ने कहा- ‘यह बीसीसीआई और केंद्र सरकार का फैसला है। बांग्लादेश में हिंदुओं की हालत देखकर लिया गया यह फैसला ठीक है पर हमें भी कई बातें समझना चाहिए। हालांकि, इस पूरे मामले में शाहरुख की कोई गलती नहीं है, वो तो सिर्फ अपनी टीम को बेहतर बनाने के लिए खिलाड़ी चुनने का काम कर रहे थे।’
यह सनातनियों की जीत
इसी बीच भाजपा नेता संगीत सोम ने कहा, 'बीसीसीआई ने जो निर्णय लिया है उसके लिए बहुत-बहुत धन्यवाद। ये भारत के सभी हिन्दुओं की जीत है, सनातनियों की जीत है। शाहरुख खान को समझ में आ गया है कि भारत में रहकर सनातनियों से पंगा लेना या सनातनियों के विरुद्ध चलना सही नहीं रहेगा। उन्हें समझ आ गया है कि देश के सैकड़ों करोड़ लोग सनातनी हैं, उन्होंने ही उन्हें शाहरुख खान बनाया है।'
क्या है पूरा विवाद
बांग्लादेश के तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को आईपीएल नीलामी में खरीदने पर लगातार विवाद हुआ। कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) ने 16 दिसंबर 2025 को अबुधाबी में आईपीएल 2026 के लिए हुई मिनी नीलामी में मुस्तफिजुर को 9.20 करोड़ रुपये में खरीदा था। हालांकि, बांग्लादेशी खिलाड़ी को टीम में लेने पर केकेआर और उसके मालिक बॉलीवुड अभिनेता शाहरुख खान की जमकर आलोचना की गई थी। इसके बाद भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) भी सामने आया और आखिरकार उसने केकेआर से मुस्तफिजुर को रिलीज करने कहा।
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