इंडस्ट्री में निर्माताओं को लेकर कही ये बात
श्रद्धा कपूर ने कहा कि उनके डेब्यू के बाद से इंडस्ट्री में कई सारे बदलाव हुए हैं। श्रद्धा ने साल 2010 में तीन पत्ती फिल्म से डेब्यू किया था। पिछले 14 सालों में उनकी फीस में इजाफा हुआ है, फिर भी अभी इस फीस में अंतर है। इस फीस को बढ़ाने का विकल्प निर्माताओं के पास है। उन्होंने बताया कि निर्माता इस आधार पर निर्णय लेते हैं कि फिल्म के निर्माण से उनको क्या लाभ होगा। कुछ निर्माता भविष्य की ओर देखने का दृष्टिकोण रखते हैं। वहीं, कुछ का मानना है कि इसका कोई मानक नहीं है।
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फीस को देने का कोई एक तरीका नहीं है
एक फिल्म को बनाने के लिए जितनी पॉजिटिविटी की जरूरत होती है, जिस तरह से इसे बनाना चाहिए, ये सब बातें एक निर्माता के सोचने की होती है। मुझे लगता है कि कुछ ऐसे लोग भी हैं, जिनका इस बात का कोई तरीका नहीं हैं। ऐसा कोई एक समान लिस्ट नहीं है, जिसका सभी अनुसरण कर रहे हैं। श्रद्धा का मानना है कि इसको लेकर विचार करना जरूरी है।
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