महाराष्ट्र में इन दिनों सियासी जंग का अलग रूप देखने मिल रहा है। शिवसेना के टूटने के बाद एक गुट भाजपा का समर्थन कर रहा है। वहीं दूसरा गुट महा विकास अघाड़ी में शामिल हो गया है। वहीं उद्धव ठाकरे ने भाजपा पर हमला बोलते हुए कहा कि शिवसेना (यूबीटी) का चुनाव चिन्ह ज्वलंत मशाल देश से निरंकुश शासन को खत्म करेगा।
शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने मंगलवार को भाजपा पर जुबानी वार करते हुए कहा कि देश में निरंकुश शासन है। इसे उनकी पार्टी की ज्वलंत मशाल राख में मिला देगी। उन्हें केंद्र सरकार की नीतियों पर कटाक्ष करते हुए कहा कि महा विकास अघाड़ी पार्टी का घोषणापत्र जल्द ही जारी किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ज्वलंत मशाल का प्रतीक महाराष्ट्र के कोने कोने में पहुंच गया है। पार्टी के चुनाव चिन्ह को बढ़ावा देने के लिए एक गीत भी जारी किया गया है।
विशाल पाटिल के नामांकन दाखिल करने पर प्रतिक्रिया
सांगली में कांग्रेस नेता विशाल पाटिल के नामांकन दाखिल करने पर ठाकरे ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि महाविकास अघाड़ी में शामिल राजनीतिक दलों की जिम्मेदारी है कि वे अपनी-अपनी पार्टियों के भीतरी विद्रोह को रोकें। दरअसल, एमवीए में शामिल दलों के बीच सीट शेयरिंग पर अंतिम मुहर लग चुकी है और सांगली उद्धव गुट के पाले में आई है। टिकट कटने से सांसद पाटिल खफा हैं और उन्होंने नामांकन दाखिल कर दिया।
महा विकास अघाड़ी में कई पार्टी का विलय
भाजपा के खिलाफ मैदान में उतरने के लिए कई विपक्षी दल एक साथ हो गए हैं। महाराष्ट्र में शिवसेना (यूबीटी), राकांपा (शरदचंद्र पवार) और कांग्रेस एक मंच पर हैं। उद्धव ठाकरे ने कहा है कि महा विकास अघाड़ी भी जल्द ही अपना घोषणा पत्र जारी करेगी। कांग्रेस का घोषणा पत्र जारी हो चुका है। जल्द ही महाराष्ट्र से संबंधित पहलुओं को एमवीए के संयुक्त घोषणापत्र में शामिल किया जाएगा।
अंधेरी का उपचुनाव जीत चुकी है शिवसेना
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि गत वर्ष शिवसेना (यूबीटी) ने जलती मशाल चुनाव चिह्न का इस्तेमाल कर अंधेरी उपचुनाव जीता था। बता दें कि गत वर्ष भारत के चुनाव आयोग ने मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली सेना को धनुष और तीर का प्रतीक और मूल शिवसेना पार्टी (यूबीटी) के उद्धव के नेतृत्व वाले गुट को जलती हुई मशाल आवंटित की थी।