सफलता डॉट कॉम द्वारा हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री में डिजिटल मार्केटिंग के अवसर विषय पर आयोजित किये मास्टर सेशन में दि ओबेराय ग्रुप की डिजिटल मार्केटिंग प्रमुख दीप्ती जैन ने कहा कि युवा अपनी उत्सुकता को कभी मरने न दें। चाहे पहली जॉब हो चाहे 10वीं जॉब हो। उन्होंने कहा कि अगर आप नई चीजें जानने सीखने के लिए उत्सुक रहेंगे तो आप अधिक चीजें सीख पाएंगे। अगर आपके अंदर चीजें जानने की ललक नहीं है तो काम आपके लिए बहुत मुश्किल हो जाएगा। जैसे कंपनी में क्या काम हो रहा है, कंटेंट मार्केटिंग टीम क्या करती है, ब्रांड मार्केटिंग टीम क्या करती है। सेल्स मार्केटिंग टीम क्या कर रही है। आप जाएं सभी टीमों से बात करें जानने की कोशिश करें।
अपने विदेश में काम करने के अनुभव को साझा करते हुए दीप्ती जैन ने कहा कि मैंने विदेश में काम करते हुए वर्क लाइफ बैलेंस सीखा है। वहां का कांसेप्ट अच्छा है। भारत में काम करने के घंटे कम ज्यादा होते रहते हैं। लेकिन विदेश में पॉलिसी स्पष्ट है कि अगर आप सुबह 9 से शाम 6 तक की शिफ्ट में हैं तो आप सिर्फ शाम 6 बजे तक ही काम करेंगे। उस समय के बाद न आप क्लाइंट को कॉल कर सकते हैं न ही क्लाइंट आपको निजी समय में फोन करेगा। विदेशी कंपनियों में आप अपनी बात रखने के लिए तर्क कर सकते हैं।
जैन ने हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री की खूबसूरती के बारे में बताते हुए कहा कि इस इंडस्ट्री में आपका इंटरेक्शन सीधे कस्टमर के साथ होता है। चाहे आप उसे जानते हों चाहे न जानते हों। तो जब आप कैंपेन चला रहे होंगे जिस भी कैंपेन को चेंज करेंगे, या नई स्कीम लेकर आएंगे तो उसका असर आपके ग्राहकों पर पड़ेगा।
इस सेक्टर की दूसरी खूबसूरती है इसका डेटा - होटल की साइट, या इंस्टाग्राम पेज, फेसबुक पेज कहीं भी आप एक क्लिक करेंगे, बुकिंग करेंगे, केवल ब्राउस करेंगे तो भी आपका डेटा कैप्चर हो जाएगा। इसमें आपको ग्राहक की पसंद समझ आ जाती है। कि इस शहर के इस उम्र से लेकर इस उम्र तक के लोगों ने फलां होटल को सर्च किया है। तो डेटा और पैटर्न से हमेशा एक नई कहानी बनकर निकलती है। साथ ही बीते एक दशक में इस सेक्टर में टेक्नोलॉजी ने बहुत बदलाव लाये हैं।
आज आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस और मशीन लर्निंग जैसी तकनीक आ गई हैं। जिससे इस सेक्टर में बूम आ गया है। अब इस सेक्टर का बजट जब भी बनता है तो ऑनलाइन मार्केटिंग का बजट ऑफलाइन मार्केटिंग के अधिक रखा जाता है। जबकि पहले ऑफलाइन मार्केटिंग का बजट हैवी होता था और ऑनलाइन का कम। अब 65 प्रतिशत मार्केटिंग डिजिटल होने लगी है। जिसमें आप सीधे कस्टमर जर्नी को टच करते हैं। मेरा मानना है कि सर्विस इंडस्ट्री में हॉस्पिटैलिटी इंडस्ट्री आपके लिए बेस्ट रहेगी।
सर्च इंजन मार्केटिंग पर दीप्ती ने कहा कि गूगल में जो टाइप कर रहा है उसे बेस्ट रिजल्ट दिखाना है। तो हमें वो कंटेंट और कीवर्ड डालकर अपनी वेबसाइट को ऑप्टिमाइज करना होता है जिन्हें लोग ज्यादा सर्च कर रहे हैं। इसीलिए SEO महत्वपूर्ण है। इसमें कीवर्ड्स, कंटेंट, गेस्ट पोस्ट की बात करते हैं। जिसमें रेडिट और क्योरा अच्छे हैं। सीखने में इनवेस्ट करें : नई - नई वेबसाइट्स आती रहती हैं उनको रोज पढ़ो। नॉलेज के साथ उत्सुक रहोगे तो आप खुद को अपग्रेड करते रहोगे। क्योंकि नॉलेज एक बहुत बड़ा एसेट है।
एक नियम बना लो डिजिटल मार्केटिंग में एक दिन हर सुबह 15 मिनट न्यूज पढ़ो, आप अखबार या वेबसाइट कुछ भी पढ़ सकते हैं। अपना दिमाग को बैलेंस रखें। ये मत सोचो कि इतना काम है मैं कैसे करूंगा। अगर आप घबराने लगोगे तो आपका काम छूटने लगेगा।
ऐसे युवा जो होटल इंडस्ट्री में जॉब करना चाहते हैं तो आप डिजिटल मार्केटिंग एजेंसी से अपनी जॉब स्टार्ट कर सकते हैं जिसके बाद आप ब्रांड में काम करें। होटल इंडस्ट्री में जॉब्स के लिए आजकल कई जॉब सर्च वेबसाइट्स हैं जिनपर जाकर आप जॉब देख सकते हैं।