वेस्ट बंगाल काउंसिल ऑफ हायर सेकेंडरी एजुकेशन ने घोषणा की है कि इस साल बारहवीं की परीक्षा देने वाले सभी उम्मीदवार पास हो गए हैं। दरअसल, बोर्ड ने यह घोषणा छात्रों के उग्र आंदोलन और तोड़फोड़ के बाद की है।
वेस्ट बंगाल काउंसिल ऑफ हायर सेकेंडरी एजुकेशन (WBCHSE) ने घोषणा की है कि इस साल बारहवीं की परीक्षा देने वाले सभी उम्मीदवार पास हो गए हैं। दरअसल, बोर्ड ने यह घोषणा छात्रों के उग्र आंदोलन और तोड़फोड़ के बाद की है। बारहवीं में अनुत्तीर्ण छात्रों ने विभिन्न जिलों में आंदोलन शुरू कर दिया था, जिसके बाद बोर्ड को सभी विद्यार्थियों के पास की घोषणा करनी पड़ी। विभिन्न जिलों में छात्रों ने सड़कों पर टायर जलाकर जाम किया। छात्रों ने स्कूलों में तोड़फोड़ और शिक्षकों का घेराव भी किया।
बोर्ड ने 12वीं का परिणाम 22 जुलाई को जारी किया था। परीक्षा के लिए नामांकित 819,000 छात्रों में से 97.69 फीसदी ने बारहवीं की परीक्षा पास की थी। इसके बाद फेल छात्रों ने आंदोलन शुरू कर दिया एवं बोर्ड ने अन्य 18,000 छात्रों को भी पास कर दिया। बोर्ड ने कहा कि सभी विद्यार्थी पास हो गए हैं और वे रिव्यू के लिए अपने स्कूलों के प्रतिनिधियों के संपर्क में रहें। बोर्ड के अध्यक्ष महुआ दास का कहना है कि जो छात्र असफल हुए थे, उन्हें समीक्षा के बाद पास कर दिया गया है। आपको बता दें कि बोर्ड ने कोरोना वायरस की वजह से इस साल दसवीं और बारहवीं की परीक्षा रद्द कर दी थी। जिसके बाद छात्रों का रिजल्ट आंतरिक मूल्यांकन पद्धति के जरिए तैयार किया गया था। हालांकि, बोर्ड के इस फैसले पर कई शिक्षकों ने चिंता जताई है और कहा है कि बोर्ड की तरफ से यह एक गलत परंपरा कायम की गई है।