दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष राम निवास गोयल ठगी का शिकार हो गए। उन्होंने ठगी की शिकायत उत्तरी दिल्ली के सिविल लाइंस थाने में की, जिसके बाद पुलिस ने फौरन मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार भी कर लिया। इसकी पहचान पुल प्रह्लादपुर निवासी अब्दुल करीम राणा उर्फ राहुल ठाकुर के रूप में हुई है। आरोपी ने खुद को आरएमएल अस्पताल का डॉक्टर बताकर प्लाज्मा दान करने के नाम पर गोयल से कैब के किराए के नाम पर 950 रुपये ठग लिये थे।
दरअसल विधानसभा अध्यक्ष के एक जानकार को ऐसे किसी शख्स का प्लाज्मा चाहिए था जो कोरोना से ठीक होकर लौटा हो। इसके लिए गोयल ने सोशल मीडिया पर जानकारी छोड़ दी। गोयल के भतीजे के जरिये उनको राहुल ठाकुर नामक शख्स का नंबर मिला, जिससे संपर्क करने के बाद उसने कैब किराए के नाम पर ठगी की। उत्तरी जिला के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शनिवार को विधानसभा अध्यक्ष की ओर से सिविल लाइन थाना पुलिस को 950 रुपये ठगी की शिकायत मिली थी। पुलिस ने फौरन मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की। अपनी शिकायत में विधानसभा अध्यक्ष राम निवास गोयल ने बताया।
पिछले दिनों उनके भतीजे पुनीत अग्रवाल को अपने ससुर के लिए प्लाज्मा की जरूरत थी। इसके लिए पुनीत ने सोशल मीडिया का सहारा लिया। सोशल मीडिया के जरिये एक युवक ने पुनीत को कॉल किया और खुद को आरएमएल अस्पताल का डॉक्टर राहुल ठाकुर बताया। आरोपी ने बताया कि वह कोरोना पॉजिटिव था। अभी वह ठीक हो चुका है। प्लाज्मा दान की बात चल ही रही थी कि पुनीत के अन्य जानकार से प्लाज्मा का इंतजाम हो गया। पुनीत ने राहुल ठाकुर का धन्यवाद देकर मना कर दिया। इस बीच जब राम निवास गोयल के जानकार को प्लाज्मा की जरूरत पड़ी तो पुनीत ने राहुल का नंबर दे दिया।
राम निवास गोयल ने खुद राहुल ठाकुर से बात की। उसने प्लाज्मा देने के लिए मेदांता अस्पताल पहुंचने की बात की, लेकिन उससे पहले राहुल ने कहा कि उसके गूगल पे खाते में कैब के 450 रुपये डाल दे। राम निवास गोयल ने फौरन रुपये डलवा दिए। आरोपी ने 45 मिनट में पहुंचने की बात की। इसके बाद दोबारा उसका कॉल आया और उसने रुपये न मिलने की बात की। दोबारा उसके खाते में 500 रुपये डाल दिए गए। इसके बाद आरोपी न तो पहुंचा और न ही उसने फोन उठाया। गोयम की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश की।
छानबीन के बाद पुलिस ने टेक्नीकल सर्विलांस के आधार पर आरोपी को सोमवार सुबह दबोच लिया। उसके पास से वारदात में इस्तेमाल मोबाइल फोन भी बरामद हो गया। उसने बताया कि इस समय लोग प्लाज्मा की बड़ी मांग कर रहे हैं। वह कोरोना पीड़ित मरीजों के परिजनों को इसी तरह ठग रहा है। आरोपी ने बताया कि वह दर्जनों लोगों को इसी तरह ठग चुका है।