दिल्ली नगर निगम एमसीडी स्कूलों में पढ़कर सफल हुए लोगों की खोज में जुट गया है। इन पूर्व विद्यार्थियों को स्कूलों में बुलाकर मौजूदा विद्यार्थियों को प्रोत्साहित कराया जाएगा। उम्मीद जताई जा रही है कि सफल लोगों से मिलकर न केवल मौजूदा विद्यार्थी अपना कैरियर बनाने के लिए प्रेरित होंगे, बल्कि बच्चों के शिक्षा के स्तर में भी सुधार आएगा।
इससे बेहतर परिणाम हासिल होंगे। इसके लिए एमसीडी ने शिक्षा विभाग के सभी जोनल अधिकारियों को पूर्व छात्रों की सूची सात दिन के अंदर अपर शिक्षा निदेशक को भेजने के निर्देश दिए हैं।
एमसीडी के शिक्षा निदेशक विकास त्रिपाठी ने बताया है कि एमसीडी स्कूलों में पढ़कर सफल हुए कुछ लोगों को खोजा गया है। इनमें पूर्व आईएएस व निगम आयुक्त केएस मेहता, लोक गायिका मैथिली ठाकुर, जींद विश्वविद्यालय के कुलपति राजबीर सोलंकी, तैराक और पुलिस अधिकारी खजान सिंह, बुल इंडिया के अधिकारी सुमैर टोकस, एमसीडी शिक्षा विभाग की अधिकारी गीता निर्वाल, नीरा, ऋषि पाल राणा और राजकुमारी शामिल हैं। यह लोग हर पैरेंट्स टीचर मीटिंग में वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए और संभव हुआ तो भौतिक रूप से बच्चों से रूबरू होंगे और उन्हें प्रोत्साहित करेंगे।
विद्यालयों में बनेगा पुराने छात्रों का कोना
एमसीडी ने सभी विद्यालयों के अंदर अपने पुराने छात्रों का एक कोना तैयार कराने का निर्णय लिया है। यहां सफल विद्यार्थियों को सूची, उनका वर्तमान पद और फोटो लगाई जाएगी। इन पूर्व विद्यार्थियों के ऊर्जावान वीडियो बच्चों और अभिभावकों को दिखाए जाएंगे।
कक्षाओं में आकर बच्चों को पढ़ाएंगे
एमसीडी ऐसी व्यवस्था कर रहा है कि उनके पुराने छात्र कक्षाओं में आकर मौजूदा छात्रों को पढ़ाएं। एमसीडी को उम्मीद है कि उसकी इस नई पहल से अपने काम से निवृत्त हुए कई लोगों को उनके जीवन में कुछ नया करने का अवसर मिलेगा और बच्चों को अनुभवी लोगों के जीवन से प्रेरणा मिलेगी।