दक्षिण-पूर्व जिले के साइबर थाना पुलिस ने वैवाहिक साइट पर युवतियों से दोस्ती कर ठगी करने वाले एक गिरोह को पर्दाफाश कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एक एक आरोपी नाइजीरियन है, जबकि दूसरा मणिपुर का रहने वाला है। इनका ठगी करने का तरीका भी बहुत ही अनोखा है। आरोपी काफी लोगों के साथ ठगी कर चुके हैं। इनके पास से ठगी की वारदात में इस्तेमाल किए गए दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
दक्षिण-पूर्व जिला डीसीपी ईशा पांडेय के अनुसार साइबर थाना प्रभारी संदीप पंवार को एनसीआरपी पोर्टल के माध्यम से 10 फरवरी को 60 हजार रुपये ठगने की शिकायत मिली थी। शिकायतकर्ता युवती ने कहा था कि उसकी युवक से शादीडॉटकॉम के जरिए मुलाकात हुई थी। मुलाकात होने के बाद दोनों बातचीत करने लग गए। एक दिन युवक का फोन आया कि वह उससे मिलने आ रहा था, मगर छत्रपति शिवाजी टर्मिनल पर फंस गया है। इसके पास 50 लाख रुपये के पार्सल ले जाने के लिए कस्टम ड्यूटी के रूप में भुगतान करने के लिए भारतीय मुद्रा नहीं है। आरोपी ने पार्सल को छुड़ाने के लिए 60 हजार रुपये देने को कहा।
बैंक खाते में पैसा जमा कराने के बाद आरोपी ने अपना मोबाइल बंद कर लिया। मामला दर्जकर थाना प्रभारी संदीप पंवार की देखरेख में एसआई अश्विनी गोस्वामी व एसआई मंजूर आलम की टीम ने जांच शुरू की। इस टीम ने उस बैंक खाते की डिटेल खंगाली, जिस बैंक खाते में पीड़ित युवती ने पैसे जमा कराए थे। पता लगा कि नकदी एटीएम के जरिए नोएडा व मणिपुर में निकाली गई है। बैंक खाता हुईड्रोम प्रेमीजीत सिंह के नाम है। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर हुईड्रोम प्रेमजीत को किशनगढ़ इलाके से 12 फरवरी को गिरफ्तार कर लिया।
उसने बताया कि उसने तो नाइजीरियन युवक को अपना बैंक खाता उधार दिया था। इसके बाद ग्रेटर नोएडा से नाइजीरियन व्यक्ति हैप्पी जेम्सओखोमिना को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने बताया कि वह काफी युवतियों के साथ ठगी कर चुका है। हुइड्रोम प्रेमजीत सिंह के खिलाफ कोई पिछली संलिप्तता नहीं पाई गई है।