दिल्ली उच्च न्यायालय ने एक ऑनलाइन मार्केटप्लेस पर एक विक्रेता को ठगने के मामले में तीन आरोपियों को जमानत दे दी। जिसमें कहा गया है कि ऑनलाइन धोखाधड़ी और धोखाधड़ी बड़े पैमाने पर हो गई है, लेकिन यह स्वतंत्रता को बनाए रखने के अपने कर्तव्य को निभाने से नहीं चूक सकता।
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न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद ने तीनों आरोपियों को फिर से एक ही अपराध में शामिल न होने की चेतावनी दी और आदेश दिया कि उनकी जमानत इतनी ही राशि के दो जमानतदारों के साथ 25 हजार रुपये के जमानत बांड प्रस्तुत करने के अधीन होगी।