नई दिल्ली। ग्रीन पार्क इलाके में स्वचालित बहुस्तरीय कार पार्किंग का एक हिस्सा बुधवार को गिर गया था। दिल्ली पुलिस ने इस घटना के संबंध में अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस घटना के कारणों का पता लगा रही है। वहीं दक्षिण दिल्ली नगर निगम नेे बताया है कि स्वचालित कार पार्किंग में तकनीकी खराबी के कारण हादसा हुआ। इसमें किसी प्रकार के जानमाल का नुकसान नहीं हुआ है। क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत कॉन्ट्रैक्टर के माध्यम से कराई गई है। पार्किंग को फिर से चालू कर दिया गया है।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को बताया कि मंगलवार को अज्ञात लोगों के खिलाफ दूसरों के जीवन या व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरे में डालने वाला कार्य समेत अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है। संबंधित अधिकारियों से चूक हुई है या पार्किंग के चालू होने के समय रख-रखाव और मरम्मत कार्य की कमी के कारण यह हादसा हुआ, इसका पता लगाया जा रहा है।
दक्षिणी निगम के महापौर मुकेश सूर्यान ने बताया कि ग्रीन पार्क में करीब 11 महीने से ऑटोमैटेड कार पार्किंग बिल्कुल सही काम कर रही है। यहां प्लेटफॉर्म पर 136 कारें खड़ी की जाती हैं। तकनीकी खराबी के कारण आठवीं मंजिल पर टावर नंबर-3 का एक प्लेटफॉर्म गिर गया। इस हादसे में किसी चोट नहीं आई है। कोई कार क्षतिग्रस्त नहीं हुई है। महापौर ने कहा है कि इस मामले में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
ग्रीन पार्क पार्किंग का ऑडिट कराया जाए : आप
हादसे के बाद आम आदमी पार्टी (आप) ने मांग की है कि ग्रीन पार्क स्वचालित पार्किंग का ऑडिट होना चाहिए। आप पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं ने बुधवार को पार्टी मुख्यालय में प्रेस वार्ता कर मांग की है कि ऑडिट होने से भाजपा का भ्रष्टाचार सामने आएगा और दोषियों को सजा मिलेगी।
पार्टी के मुख्य प्रवक्ता सौरभ भारद्वाज, विधायक आतिशी, सोमनाथ भारती और दक्षिणी निगम में नेता प्रतिपक्ष प्रेम चौहान ने प्रेस वार्ता में हिस्सा लिया। इस दौरान सौरभ भारद्वाज ने कहा कि ग्रीन पार्क में जोर-शोर से ऑटोमेटिक पार्किंग बनाई गई। पार्किंग का उद्घाटन दो बार अलग-अलग केंद्रीय मंत्रियों से कराया गया और पार्किंग एक साल में ही धड़ाम से गिर गई।
सौरभ भारद्वाज ने बताया कि पिछले दिल्ली विधानसभा चुनाव से ठीक पहले इसे बनाकर आनन-फानन में केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी से इसका उद्घाटन कराया गया। दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा के पास मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के कार्यों के मुकाबले कुछ भी दिखाने केे लिए नहीं था। इसलिए इस पार्किंग को जल्दबाजी में बनाकर खड़ा किया गया।