मेट्रो सेवाओं को ड्राइवरलेस बनाने के लिए पूरी प्रणाली को कम्युनिकेशन बेस्ड ट्रेन कंट्रोल (सीबीटीसी) तकनीक से जोड़ने की प्रक्रिया चल रही है। इसके तहत सिग्नलिंग और इंटरलिंकिंग पर काम चल रहा है। तकनीक को अपग्रेड किया जा रहा है। इंटरलिंकिंग के साथ ड्राइवरलेस मेट्रो की रफ्तार, ब्रेक और संचालन नियंत्रण केंद्र (ओसीसी) के साथ जोड़ने का सिलसिला चल रहा है।
दिल्ली मेट्रो की पिंक लाइन को ड्राइवरलेस करने के लिए जरूरी तकनीकी बदलाव किए जा रहे हैं। साल के अंत तक यात्रियों को पिंक लाइन पर बगैर चालक वाली मेट्रो में सफर का मौका देने के लिए तैयारी चल रहा है। इसके तैयार होते ही पिंक लाइन दुनिया की सर्वाधिक लंबी (सिंगल लाइन) ड्राइवरलेस मेट्रो लाइन बन जाएगी। 52.1 किलोमीटर लंबी दुबई मेट्रो की रेड लाइन को फिलहाल यह दर्जा प्राप्त है।
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पिंक लाइन के 58.6 किलोमीटर में 38 स्टेशन हैं। दिल्ली मेट्रो की सबसे लंबी लाइन होने की वजह से इसकी शुरुआत चरणों में की गई। हाल ही में त्रिलोकपुरी-मयूर विहार (पॉकेट-वन) मेट्रो स्टेशन के जुड़ने से यात्रियों की सहूलियतें और बढ़ गई हैं। मेट्रो अब बगैर किसी रुकावट मजलिस पार्क से शिव विहार के बीच परिचालित हो रही है। दुबई मेट्रो की रेड लाइन की लंबाई 52.1 किलोमीटर है। यह फिलहाल दुनिया की सर्वाधिक लंबी (सिंगल मेट्रो) मेट्रो लाइन है, मगर पिंक लाइन धीरे धीरे ड्राइवरलेस मेट्रो का नया कीर्तिमान स्थापित करने की दिशा में अग्रसर है।
पिंक लाइन को जल्द मिलेगी नई पहचान
मेट्रो सेवाओं को ड्राइवरलेस बनाने के लिए पूरी प्रणाली को कम्युनिकेशन बेस्ड ट्रेन कंट्रोल (सीबीटीसी) तकनीक से जोड़ने की प्रक्रिया चल रही है। इसके तहत सिग्नलिंग और इंटरलिंकिंग पर काम चल रहा है। तकनीक को अपग्रेड किया जा रहा है। इंटरलिंकिंग के साथ ड्राइवरलेस मेट्रो की रफ्तार, ब्रेक और संचालन नियंत्रण केंद्र (ओसीसी) के साथ जोड़ने का सिलसिला चल रहा है।
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साल के अंत तक पिंक लाइन हो जाएगी ड्राइवरलेस
ग्रे लाइन पर मेट्रो सेवाओं के विस्तार के दौरान केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय के सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा ने भी दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) की तारीफ करते हुए कहा था साल के अंत तक पिंक लाइन को ड्राइवरलेस किया जाना है। इससे पहले पिछले साल मजेंटा लाइन को ड्राइवरलेस किया कर दिया गया है। ऐसा होने के बाद पिंक लाइन दुनिया की सर्वाधिक लंबी ड्राइवरलेस मेट्रो बन जाएगी।