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दिल्ली: मोहल्ला क्लीनिक के डॉक्टर ने दी गलत दवा, तीन बच्चों की मौत का आरोप, भाजपा ने मांगा केजरीवाल का इस्तीफा

Mon, 20 Dec 2021 07:10 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार को 48 घंटें का समय देते हैं अगर इस मामले की जांच कर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कोई कार्रवाई की, परिजनों को मुआवजा नहीं मिला तो सरकार के खिलाफ एक बड़ा आंदोलन भाजपा करेगी। 
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फाइल फोटो - फोटो : ANI
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विस्तार
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प्रदेश भाजपा अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने कहा कि दिल्ली मोहल्ला क्लीनिक की सच्चाई सामने आ गई है। मोहल्ला क्लीनिक के डॉक्टर द्वारा दी गई गलत दवाइयों की वजह से 16 मासूम बीमार हो गए, जिनमें से 3 बच्चों की मौत हो गई। नैतिकता के आधार पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल व स्वास्थ्य मंत्री सत्येन्द्र जैन को इस्तीफा दे देना चाहिए। 
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मीडिया से बातचीत में दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार को 48 घंटें का समय देते हैं अगर इस मामले की जांच कर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कोई कार्रवाई की, परिजनों को मुआवजा नहीं मिला तो सरकार के खिलाफ एक बड़ा आंदोलन भाजपा करेगी। 

दिल्ली सरकार की स्वास्थ्य व्यवस्था की हकीकत पूरी दिल्ली जान चुकी है। जिस मोहल्ला क्लीनिक का प्रचार देश में ही नहीं बल्की विदेशों में भी केजरीवाल करते हैं, वह सिर्फ उनके प्रचार का अड्डा बना हुआ है। इस मौके पर प्रदेश भाजपा मीडिया प्रमुख नवीन कुमार जिंदल, प्रदेश भाजपा चिकित्सक सेल के सह-प्रभारी डॉ. अनिल गोयल व संयोजक डॉ. हरीश गुप्ता उपस्थित थे।
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मोहल्ला क्लीनिक डॉक्टरों की अयोग्यता से गई तीन बच्चों की जान:बिधूड़ी
दिल्ली की लचर स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भाजपा ने दिल्ली सरकार को आड़े हाथ लिया है। कहा है कि एक बार फिर दिल्ली सरकार के मोहल्ला क्लीनिकों की पोल खुल गई है। इस क्लीनिकों में गलत दवा देने से तीन बच्चों की मौत हो गई है और अनेक बच्चे बीमार हो गए हैं। गलत दवा का शिकार बने बच्चों की संख्या इससे भी कहीं ज्यादा हो सकती है। 

विधानसभा नेता प्रतिपक्ष रामवीर सिंह बिधूड़ी ने कहा कि गलत दवा देने से बच्चों की मौत के बाद दिल्ली सरकार के मोहल्ला क्लीनिकों में काम कर रहे डॉक्टरों की योग्यता भी संदेह के घेरे में आ गई है। बिधूड़ी ने दिल्ली के उपराज्यपाल से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष एजेंसी से जांच कराई जाए। 
बिधूड़ी ने कहा कि चार साल से कम उम्र के बच्चों को डिस्ट्रोमेथोर्फन सिरप नहीं दी जा सकती लेकिन दिल्ली के मोहल्ला क्लीनिकों के डॉक्टर छोटे बच्चों को ये दवा लिखकर दे रहे थे। यह मामला तब खुला जब कलावती सरन अस्पताल में डिस्ट्रोमेथोर्फन सिरप के पॉइजनिंग की वजह से 17 बच्चे दाखिल हुए और उनमें से 3 बच्चों की मौत हो गई। 

पता चला कि सभी बच्चों को मोहल्ला क्लीनिकों के डॉक्टरों ने ही यह दवा लिखकर दी थी। इसके बाद केंद्र सरकार ने दिल्ली सरकार के डायरेक्टर हेल्थ सर्विसेज को बताया कि यह दवा बच्चों को नहीं दी जा सकती। दिल्ली के डायरेक्टर हेल्थ सर्विसेज ने भी माना है कि बच्चों को यह दवा लिखकर दी जा ही थी लेकिन केंद्र सरकार के निर्देश के बाद अब इस सिरप का इस्तेमाल बंद किया गया है।

नेता प्रतिपक्ष ने सवाल उठाया कि जब यह दवा छोटे बच्चों के लिए रिकमेंड नहीं की जाती तो आखिर मोहल्ला क्लीनिकों के डॉक्टर इसे क्यों लिख रहे थे। क्या मोहल्ला क्लीनिकों के डॉक्टर इतने योग्य नहीं हैं कि उन्हें यह भी पता हो कि कौन सी दवा किसे देनी है।
 

बिधूड़ी ने कहा कि मोहल्ला क्लीनिक का सारा रिकॉर्ड तो वहां के डॉक्टरों के टैब में होता है। इसलिए यह पता लगाया जाना जरूरी है कि आखिर कितने बच्चों को यह दवा दी गईए कितने बीमार हुए और कितनों की मौत हुई। इन सारे परिवारों को दिल्ली सरकार की तरफ से मुआवजा दिया जाए। 

उधर, भाजपा सांसद गौतम गंभीर ने एक ट्वीट कर कहा कि अगर मोहल्ला क्लिनिक के नाम पर वोट मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल मांगते है, तो गलत दवाई से वहां हुई बच्चों की मौत की जिम्मेदारी भी केजरीवाल की है। प्रदेश भाजपा प्रवक्ता हरीश खुराना ने कहा कि लचर स्वास्थ्य व्यवस्था की मांग है कि दिल्ली में फुल टाइम मुख्यमंत्री की आवश्यकता है। ना कि राजनीतिक पर्यटन में व्यवस्त रहने वाले मुख्मंत्री की।

मोहल्ला क्लीनिक में बच्चों की मौत मामला
गलत दवा के कारण तीन बच्चों की मौत के मामले में दिल्ली कांग्रेस ने दिल्ली सरकार पर निशाना साधा है। प्रदेश अध्यक्ष अनिल कुमार ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल की निगरानी में दिल्ली के मोहल्ला क्लीनिक में मरीजों की जान से खुलेआम खिलवाड़ किया जा रहा है। इस घटना की नैतिक जिम्मेवारी लेते हुए स्वास्थ्य मंत्री तत्काल इस्तीफा दे और मुख्यमंत्री माफी मांगे। 
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प्रदेश अध्यक्ष अनिल कुमार ने संवाददाताओं से बातचीत में डॉक्टरों की लापरवाही को इस हादसे के लिए जिम्मेवार ठहराते हुए कहा कि अभी भी अस्पताल में 13 मरीज अपनी जिन्दगी के लिए जूझ रहे हैं। दिल्ली सरकार को आड़े हाथों लेते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि मोहल्ला क्लीनिक की आड़ में झूठी वाहवाही लूटकर, दवा के नाम पर मौत परोसा जा रहा है। 

चार साल से अधिक उम्र के बच्चों को दी जाने वाली दवाई तीन साल के बच्चों को दे दी गई, जिससे उनकी मौत हो गई। प्रदेश अध्यक्ष ने इस घटना की जिम्मेवारी लेते हुए दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री से तत्काल इस्तीफा देने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से माफी मांगने की मांग रखी है। प्रदेश उपाध्यक्ष अली मेंहदी, मीडिया कमेटी के उपाध्यक्ष अनुज आत्रेय और जिला अध्यक्ष आदेश भारद्वाज भी मौजूद थे। इस दौरान ओवेसी की ऑल इंडिया एमआईम पार्टी और आम आदमी पार्टी के पदाधिकारी भी कांग्रेस पार्टी में शामिल हुए।
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