फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Delhi : सुकेश चंद्रशेखर ठगी मामले में एलजी ने 82 जेल कर्मियों की जांच को दी मंजूरी, 200 करोड़ की है धोखाधड़ी

Thu, 20 Oct 2022 05:39 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

Delhi : जेल से संगठित अपराध चलाने वाले 200 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के आरोपी सुकेश चंद्रशेखर के साथ सांठगांठ में शामिल 82 जेल अधिकारियों व कर्मियों की भूमिका की उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने जांच की मंजूरी दे दी।
विज्ञापन
उपराज्यपाल वीके सक्सेना.. - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जेल से संगठित अपराध चलाने वाले 200 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के आरोपी सुकेश चंद्रशेखर के साथ सांठगांठ में शामिल 82 जेल अधिकारियों व कर्मियों की भूमिका की उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने जांच की मंजूरी दे दी।

विज्ञापन


उपराज्यपाल ने आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम(पीओसी)-1988 की धारा 17(ए) के तहत जांच की मंजूरी दी है। ईओडब्ल्यू ने इस प्रकरण की जांच की अनुमति मांगी थी।

एलजी कार्यालय के सूत्रों के मुताबिक, उपराज्यपाल ने यह भी गौर किया है कि मंत्री सत्येंद्र जैन के जेल में रहने के दौरान कैदियों से मोबाइल फोन जब्त किए जाने सहित कई घटनाएं हुई थीं। इसके बाद जेल परिसरों और आसपास जैमर लगाए गए।
विज्ञापन


सूत्र का कहना है कि जेलों में कैदियों के बीच हिंसक झड़प और पेरोल के बाद कैदियों के वापस नहीं लौटने की घटनाओं ने जेल विभाग को संकट में डाल दिया है। जेल अधिकारियों की मिलीभगत से 200 करोड़ रुपये की जबरन वसूली के मामले में सुकेश जेल में बंद है। घटना के वक्त सुकेश को रोहिणी जेल में रखा गया था।

गिरोह की मदद करने वाले सात अधिकारियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। जांच में यह भी सामने आया है कि संगठित अपराध में जेल के 82 अन्य अधिकारियों की भी भूमिका रही है।

फिलहाल मंडोली जेल में बंद चंद्रशेखर पर फोर्टिस हेल्थकेयर के पूर्व प्रवर्तक शिविंदर सिंह की पत्नी अदिति सिंह समेत चर्चित हस्तियों के साथ 200 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का आरोप है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें