राजधानी में टीकाकरण की तैयारियां पूरी हो चुकी है। सरकार ने घोषणा की है कि 16 जनवरी से टीकाकरण शुरू हो जाएगा। एयरपोर्ट से वैक्सीन को वैक्सीन सेंटर तक पहुंचाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर का इस्तेमाल होगा। कार्गो कंटेनरों के माध्यम से टीके भंडारण केंद्र तक पहुंचेगे। वहां से कोल्ड चैन के माध्यम से वैक्सीन को बूथों तक पहुंचाया जाएगा। टीकाकरण में शामिल रहने वाले स्वास्थ्य कर्मियों की पूरे कार्यक्रम की जानकारी दे दी गई है।
स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि ऑक्सफोर्ड की कोविशील्ड वैक्सीन दिल्ली आएंगी। उम्मीद है कि बुधवार तक टीके एयरपोर्ट तक पहुंच जाएंगे। हवाईअड्डे पर प्रतिदिन 80 लाख टीके रखने की क्षमता है। एयरपोर्ट के बड़े कार्गो कंटेनरों में टीकों को रखने की व्यवस्था की गई है। कोल्ड चैन के जरिए वैक्सीन को राजीव गांधी अस्पताल और सीविल लाइन के भंडारण केंद्रों तक लाया जाएगा। टीकों को एक से दूसरे स्थान तक पहुंचाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनेगा।
दिल्ली में फिलहाल टीकाकरण के लिए 89 अस्पतालों को चिन्हित किया गया है। इसमें 40 सरकारी और 49 निजी अस्पताल शामिल हैं। करीब चार हजार स्वास्थ्य कर्मियों को टीकाकरण के लिए प्रशिक्षित किया गया है। टीकाकरण कार्यक्रम की पूरी जानकरी उन्हें दे दी गई है। वैक्सीन के भंडारण केंद्र पर पहुंचने से पहले वहां सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
पहले चरण में 51 लाख लोगों को लगना है टीका
दिल्ली सरकार के मुताबिक, पहले चरण में 51 लाख लोगों को टीका लगना है। एक केंद्र पर हर दिन 100 लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य रखा गया है। 16 जनवरी से टीकारण शुरू होते ही कुछ ही दिनों में स्वास्थ्य कर्मियों का टीकाकरण हो जाएगा