मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को सचिवालय में सैदुल्लाजाब भवन ढहने और हौज रानी अग्निकांड में अपनों को गंवाने वाले परिवारों से मिलीं। मुख्यमंत्री ने उन्हें 10-10 लाख रुपये की अनुग्रह सहायता राशि सौंपी। साथ ही भरोसा दिलाया कि इन हादसों के जिम्मेदार लोगों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोई भी आर्थिक सहायता अपनों की कमी पूरी नहीं कर सकती लेकिन दुख की इस घड़ी में दिल्ली सरकार परिवार की तरह पीड़ितों के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि दोनों घटनाओं की गंभीरता से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि 30 मई को सैदुल्लाजाब में भवन गिरने और 3 जून को हौज रानी में हुए अग्निकांड ने कई परिवारों को गहरा आघात दिया है। इन घटनाओं से मिली सीख के आधार पर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा।
फायर सेफ्टी पर सरकार का नया प्लान :
दिल्ली सरकार अग्निशमन सुरक्षा को और पुख्ता करने के लिए फायर सर्विस की क्षमता बढ़ाएगी। इसके तहत छोटे दमकल वाहनों की खरीद भी की जाएगी जो संकरी गलियों और घनी आबादी वाले इलाकों में तेजी से पहुंच सकें। सरकार का लक्ष्य है कि आपात स्थिति में राहत और बचाव कार्य में देरी कम हो और लोगों की जान बचाने के लिए त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
दर्द साझा करते हुए भावुक हो गए परिजन :
मुख्यमंत्री से मुलाकात के दौरान कई परिजन दर्द साझा करते हुए भावुक हो गए। मुख्यमंत्री ने उन्हें संभाला। साथ ही उनकी समस्याएं सुनीं। मुख्यमंत्री ने पीड़ित परिवारों को हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि सरकार इन घटनाओं को केवल हादसे के तौर पर नहीं देख रही है, बल्कि भविष्य की सुरक्षा व्यवस्था सुधारने के अवसर के रूप में ले रही है। उन्होंने कहा कि नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए प्रशासनिक व्यवस्था को और प्रभावी बनाया जाएगा। सरकार भविष्य में ऐसी त्रासदियों को रोकने के लिए सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करेगी।