क्रेडिट कार्ड बनवाने का झांसा देकर 300 से अधिक लोगों से ठगी के आरोपी को रोहिणी जिला पुलिस ने गिरफ्तार किया है। मूलरूप से यूपी के वाराणसी निवासी राहुल चौरसिया दिल्ली के उत्तम नगर में रहकर वारदात को अंजाम दे रहा था। इस मामले में पुलिस ने तीन युवतियों को बाउन-डाउन किया है।
रोहिणी जिले के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त डाॅ. रजनीश गर्ग के अनुसार कृष्ण गौड़़ ने एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके पास 17 दिसंबर, 22 को एक फोन आया। फोन करने वाली युवती ने खुद का नाम उन्नाति पटेल बताते हुए कहा कि वह बजाज फाइनेंस लि. से बोल रही है। पीड़ित महिला की बातों में आकर क्रेडिट कार्ड बनवाने को तैयार हो गया। उसने युवती द्वारा बताए गए कागजात व्हाटसएप पर भेज दिए। इसके बाद पीड़ित के पास दूसरे मोबाइल नंबर से फोन आया और उसे एप डाउनलोड कर डिटेल भरने को कहा। इसके बाद पीडि़त के पास एक ओटीपी आया।
आरोपी ने पीडि़त से ओटीपी नंबर पूछ लिया। आरोपी ने जैसे ही फोन काटा कृष्ण गौड के पास उसके खाते से 15236 रुपये निकलने का मैसेज आया। मामला दर्जकर रोहिणी जिले की साइबर थाना प्रभारी अजय दलाल की देखरेख में एसआई अंकुर तोमर, एसआई अंकित यादव व हवलदार अजय की टीम ने जांच शुरू की।
उत्तराखंड की दो युवतियों को पकड़ा
पुलिस को जांच में पता लगा कि गिरोह मीनाक्षी गार्डन, दिल्ली से ऑपरेट हो रहा है। टेक्निकल सर्विलांस के आधार पर इंस्पेक्टर अजय दलाल की टीम ने उत्तराखंड की दो व दिल्ली एक युवती को पकड़ लिया। ये राहुल चौरासिया के कहने पर पीडि़तों को क्रेडिट कार्ड बनवाने के लिए फंसाती थी। जब कोई पीडि़त इनके झांसे में आ जाता तो इसके बाद पीडि़त से राहुल बात करता था। युवतियों को ठगी करने की जानकारी नहीं थी। युवतियों ने बताया कि वह राहुल के लिए काम करती हैं। वह पीड़ितों के डाटा, मोबाइल व सैलरी देता था।