व्हाट्सऐप द्वारा फेसबुक के साथ डाटा शेयर करने के खिलाफ दायर याचिका पर हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया। व्हाट्सऐप ने तर्क रखा कि अकाउंट डिलीट करने के बाद उपयोगकर्ता की जानकारी उसके पास नहीं रहती।
वहीं याची ने इस तर्क का अदालत को गुमराह करने वाला बताया है।
मुख्य न्यायाधीश जी. रोहिणी व न्यायमूर्ति संगीता ढींगरा सहगल की खंडपीठ के समक्ष व्हाट्सऐप के अधिवक्ता ने कहा कि एक बार अगर कोई अपना अकाउंट डिलीट कर दें तो उस व्यक्ति के बारे में उनके सर्वर में जानकारी नहीं रहती है।