उन्होंने कहा हमें इस तरह की प्रतिक्रिया के लिए ऐसी घटनाओं का इंतजार नहीं करना चाहिए। यह एक उच्च सुरक्षा वाली जेल है। आरोपियों से की गई बरामदगी को देखें, इससे पता चलता है कि इसी तरह की घटनाओं की संभावना है। अदालत ताजपुरिया के पिता और भाई द्वारा मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) जांच की मांग करने वाली याचिका पर सुनवाई कर रही थी। पिछली सुनवाई के दौरान जस्टिस सिंह ने मामले पर नोटिस जारी कर स्टेटस रिपोर्ट मांगी थी। आज एक रिपोर्ट पेश की गई और कहा गया कि सभी जिम्मेदार लोगों को सस्पेंड कर दिया गया है।
अतिरिक्त स्थायी वकील राहुल त्यागी ने कहा कि अधिकारी इस तरह के मामलों से निपटने के लिए एक त्वरित प्रतिक्रिया टीम (सीआरटी) बनाने की प्रक्रिया में हैं। त्यागी ने कहा कि जेल के अंदर व बाहर के सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। हालांकि बेंच ने वकील से पूछा कि जेल प्रहरियों को कार्रवाई करने में इतना समय क्यों लगा और बेहतर संचार के लिए उनके पास वॉकी-टॉकी क्यों नहीं थे।