फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

निर्भया के दोषी की रिहाई थोड़ी देर में, बंद किया गया इंडिया गेट

विज्ञापन
विज्ञापन
दिल्ली में इंडिया गेट देखने आए पर्यटकों को आज मायूसी का सामना करना पड़ रहा है। निर्भया कांड के नाबालिग दोषी की रिहाई के विरोध में आज दिल्ली में कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस ने किसी को भी इंडिया गेट तक न जाने देने का फैसला किया है।
विज्ञापन


बता दें कि नाबालिग की रिहाई के विरोध में इंडिया गेट पर भी लोगों का विरोध प्रदर्शन जारी है। ध्यान रहे कि 16 दिसंबर 2012 को हुई इस घटना के बाद दिल्ली में इंडिया गेट से लेकर राष्ट्रपति भवन तक व्यापक जनप्रदर्शन हुआ था।

किसी अप्रिय घटना को रोकने के लिए दिल्ली पुलिस ने इंडिया गेट की चारों ओर से बैरिकेडिंग कर वहां किसी के भी आने जाने पर पाबंदी लगा दी है। साथ ही पूरे इलाके में धारा 144 लागू कर दिया गया है।
विज्ञापन


इस बीच निर्भया के मां-बाप भी इस रिहाई के विरोध में जंतर-मंतर पर धरना कर रहे हैं। निर्भया की मां ने पहले ही कह दिया है कि नाबालिग की रिहाई से उन्हें बेहद धक्का लगा है और वो लगातार इसका विरोध करती रहेंगी।

मजनूं टीले की सुरक्षा बढ़ी

उत्तरी दिल्ली के मजनूं ‌टीला के जिस बाल सुधार गृह में नाबालिग दोषी को पिछले तीन साल से रखा गया था वहां भी दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। हालांकि सूत्रों की मानें तो उसे शनिवार शाम को ही गुपचुप तरीके से पुलिस ने उसे यहां से हटा दिया है।
 
इस इलाके में भी रिहाई का विरोध करने के लिए लोग प्रदर्शन कर रहे हैं। इस बीच नाबालिग के गृह जिले बदायूं के एसएसपी एस यादव ने बताया है कि उन्हें इस रिहाई के बारे में कोई भी सूचना दिल्ली पुलिस की ओर से नहीं दी गई है।

इससे पहले शनिवार देररात महिला आयोग ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी लगाकर नाबालिग की रिहाई पर रोक लगाने की मांग की थी। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने रविवार को होने वाली उसकी रिहाई पर रोक नहीं लगाई। इस पर अगली सुनवाई सोमवार को होगी। ऐसे में नाबालिग की रिहाई का रास्ता साफ है।

नाबालिग की सुरक्षा के लिए सीएम को लिखा पत्र

खबर ये भी है कि इस गैंगरेप मामले में दूसरे आरोपियों के वकील एपी सिंह ने नाबालिग दोषी के जान के खतरे को देखते हुए दिल्ली पुलिस से उसे बदायूं उसके घर तक छोड़कर आने के लिए कहा है।

यही नहीं उसे बदायूं में भी सुरक्षा मिले इसके लिए यूपी के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को भी पत्र लिखा है। रविवार को रिहा हो रहा नाबालिग दोषी अब 20 साल का हो चुका है। वह बदायूं का ही रहने वाला है।

नाबालिग दोषी को शुक्रवार को जिस अज्ञात जगह पर शिफ्ट किया गया था उसे वहीं से रिहा कर दिया जाएगा। दिल्ली सरकार ने उसके पुर्नवास के लिए योजना बना रखी है।
विज्ञापन

किसी को नहीं पता कब होगी रिहाई

उसे रिहाई के समय सिलाई मशीन के साथ एक बार 10 हजार रुपये नगद भी दिया जाएगा। जिसकी मदद से वह जेल से रिहा होने के बाद सिलाई की दुकान किराये पर लेकर खोल सके।

ऐसा इसलिए किया जा रहा है क्योकि वह बाल सुधार गृह में रहकर सिलाई का काम सिखा है। सूत्रों की माने तो सुरक्षा कारणों के चलते उसे रविवार को कहां से कब रिहा किया जाएगा इसकी जानकारी भी किसी को नहीं दी जाएगी। क्योंकि उसके रिहाई को लेकर विरोध शुरू हो गया है।

संभव है कि दिल्ली पुलिस उसे बदायूं तक छोड़कर आए। शनिवार को निर्भया के माता पिता समेत बड़ी संख्या में युवाओं ने बाल सुधार गृह के सामने उसके रिहाई के विरोध में प्रदर्शन भी किया। (ये भी पढ़ें : पोर्न स्टार की छवि तोड़ने के लिए ये करना चाहती हैं सनी लियोनी)
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें