फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दिल्ली में बड़ा हादसा: मौज-मस्ती और रफ्तार ने बुझा दिए दो घर के 'चिराग', लालकिले के पास से गुजर रहे थे तीन यार

Sun, 11 Feb 2024 09:28 PM IST
Vikas Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

मोहल्ले में इनके रिश्तेदार छामू के बेटे जुहेब का वलीमा था। कार्यक्रम देर रात तक जारी थी। इस बीच देर रात को तीनों घूमने जाने की बात कर बरातघर से निकल गए। स्कूटी तौहीद चल रहा था। कबूतर मार्केट के सामने वह हादसे का शिकार हो गए।
विज्ञापन
जैद और अब्दुल्लाह - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मौज-मस्ती और रफ्तार ने दो परिवारों की खुशियां छीन लीं। लाल किले के पास हुए हादसे में जिंदगी के लिए जंग लड़ रहे तौहीद की सलामती के लिए परिजन दुआएं कर रहे हैं। जैद और अब्दुल्लाह की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने रविवार को पोस्टमार्टम कराकर दोनों के शव परिजनों के हवाले कर दिए गए। बाद में उनको सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।

विज्ञापन

जैद के चाचा मोहम्मद अफजाल ने बताया कि परिवार 2025, मोहल्ला कब्रिस्तान, तुर्कमान गेट पर रहता है। जैद के परिवार में उसके पिता मो. अखलाक, मां मुर्ससलीना, एक बड़ा भाई मो. आकिफ और दो बहनें बरिशा और अलिशा हैं। परिवार का कई पीढ़ियों से मुगलई खाने बनाने का काम है। उनके पूरे मोहल्ले में सभी बावर्ची हैं। 

वहीं, अब्दुल्लाह परिवार के साथ 2017, मोहल्ला कब्रिस्तान में रहता था। इसके परिवार में पिता मो. जावेद, मां शाजिया, बड़ा भाई अल्ला वाला, एक बहन है। वहीं, तौहीद के परिवार में पिता मो. नूरी और एक बड़ा भाई अजहर है। तौहीद की मां की दो साल पहले बीमारी से मौत हो गई थी। रात को तीनों नाबालिगों के परिवार शादी में थे।

मोहल्ले में इनके रिश्तेदार छामू के बेटे जुहेब का वलीमा था। कार्यक्रम देर रात तक जारी थी। इस बीच देर रात को तीनों घूमने जाने की बात कर बरातघर से निकल गए। स्कूटी तौहीद चल रहा था। कबूतर मार्केट के सामने वह हादसे का शिकार हो गए। अफजाल ने बताया कि उनके मोबाइल पर रात 1.30 बजे अस्पताल से कॉल आया। तीनों नाबालिगों को एक कैब चालक किसी राहगीर के साथ अस्पताल लेकर पहुंचा था। 
विज्ञापन

अफजाल ने बताया कि जब वह इमरजेंसी में पहुंचा तो अब्दुल्लाह की सांसें चल रही थीं। वह बोल भी रहा था, लेकिन कुछ ही देर बाद उसकी भी मौत हो गई। तौहीद के सिर से खून बहे जा रहा था। बाकी परिजनों को हादसे की सूचना मिली तो अस्पताल में भीड़ जुट गई।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें